Bilaspur. बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में भ्रष्टाचार और लापरवाही की कहानियां लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामला बिलासपुर जिले के ग्राम पंचायत गोंदईया से जुड़ा है, जहां सरपंच पति सतानंद का वीडियो वायरल हो गया है। वीडियो में वे खुलेआम कहते नज़र आ रहे हैं – “सुशासन की सरकार चुनाव लड़कर सरपंच बना हूँ, चार पैसा तो चाहिए ही, 1 हजार दो तब राशनकार्ड बनेगा।” यह वीडियो सामने आते ही ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर गरीबों के हक़ का राशनकार्ड भी अब पैसों के बिना नहीं बन पाएगा? ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच पति लगातार सरकारी योजनाओं का लाभ लेने वालों से पैसे की मांग करता है और इस पर पंचायत में कोई कार्रवाई नहीं होती।
इस मामले ने न सिर्फ पंचायत व्यवस्था पर बल्कि सरकार के सुशासन के दावों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। राशनकार्ड जैसी बुनियादी सुविधा, जो हर गरीब परिवार का अधिकार है, अगर उसके लिए भी 1000 रुपये की मांग की जा रही है तो यह सीधे-सीधे भ्रष्टाचार का मामला है। वहीं, ग्रामीणों ने मांग की है कि इस पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि अगर जल्द ही प्रशासन सख्त कदम नहीं उठाता तो वे सामूहिक रूप से आंदोलन करने को मजबूर होंगे। इस वायरल वीडियो ने जिला प्रशासन और खाद्य विभाग को भी सकते में डाल दिया है। सूत्रों के मुताबिक, अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है और जल्द ही जिम्मेदार व्यक्ति पर कार्रवाई की जा सकती है। राजनीतिक हलकों में भी इस वीडियो को लेकर चर्चा तेज है। विपक्षी दलों ने इसे सरकार की नाकामी बताते हुए हमला बोला है और कहा है कि जब ग्राम पंचायत स्तर पर ही खुलेआम भ्रष्टाचार हो रहा है, तो फिर बड़े स्तर पर क्या हाल होगा।