हमीरपुर। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर में पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद अनुराग सिंह ठाकुर के नेतृत्व में भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। भोटा चौक से शुरू हुई यात्रा गांधी चौक पहुंचकर संपन्न हुई। इसमें बड़ी संख्या में युवाओं, विद्यार्थियों, बच्चों, भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने हिस्सा लिया। हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर निकले लोगों के उत्साह से शहर का माहौल देशभक्ति के रंग में रंग गया।
यात्रा के दौरान ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’ और ‘तिरंगे के सम्मान में Gen-Z मैदान में’ जैसे नारे लगाए गए। तिरंगा यात्रा जिस मार्ग से गुजरी वहां स्थानीय लोगों ने भी प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाया। युवाओं और बच्चों की भागीदारी इस आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही। आयोजकों ने इसे नई पीढ़ी में राष्ट्र प्रेम और राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान का प्रतीक बताया।
इस दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर, विधायक इंद्रदत्त लखनपाल और आशीष शर्मा, पूर्व विधायक राजिंदर सिंह राणा, विजय अग्निहोत्री, कमलेश कुमारी तथा डॉ. अनिल धीमान मौजूद रहे। इनके अलावा पार्टी के विभिन्न पदाधिकारी, कार्यकर्ता, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक भी यात्रा में शामिल हुए।
अनुराग सिंह ठाकुर ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा भारत की स्वतंत्रता, एकता और गौरव का प्रतीक है। यह देश की सांस्कृतिक विविधता के बीच मौजूद एकता का संदेश देता है। तिरंगा प्रत्येक भारतीय के लिए गर्व, सम्मान और राष्ट्र के प्रति समर्पण का प्रतीक है। इसे फहराना केवल उत्सव नहीं बल्कि देश के प्रति अपने कर्तव्यों को याद करने का अवसर भी है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर चलाए जा रहे ‘हर घर तिरंगा’ अभियान से जुड़ने की अपील की। अनुराग ठाकुर ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस पर लोगों को अपने घरों और प्रतिष्ठानों पर पूरे सम्मान के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराना चाहिए। उन्होंने युवाओं और Gen-Z से राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने तथा देश के विकास में अपनी ऊर्जा और प्रतिभा का योगदान देने का आह्वान किया।
ठाकुर ने कहा कि भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य युवाओं की सहभागिता के बिना पूरा नहीं हो सकता। नई पीढ़ी को अपनी जिम्मेदारियां समझते हुए शिक्षा, तकनीक, नवाचार, खेल और सामाजिक कार्यों सहित प्रत्येक क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने युवाओं से तिरंगे के सम्मान को सर्वोच्च स्थान देने और देश की एकता एवं अखंडता की रक्षा के लिए हमेशा तैयार रहने की अपील की।
विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस का उल्लेख करते हुए अनुराग ठाकुर ने देश के विभाजन के दौरान विस्थापन और हिंसा का सामना करने वाले परिवारों के संघर्ष को नमन किया। उन्होंने कहा कि विभाजन के कारण लाखों लोगों को अपना घर, जमीन और आजीविका छोड़कर दूसरे स्थानों पर जाना पड़ा। अनेक परिवारों ने अपने प्रियजनों को खो दिया। इसके बावजूद विस्थापित लोगों ने कठिन परिस्थितियों में नया जीवन शुरू किया और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
उन्होंने कहा कि विभाजन की त्रासदी से सीख लेकर देश में अलगाववाद और नफरत फैलाने वाली शक्तियों को कभी पनपने नहीं देना चाहिए। प्रत्येक नागरिक को राष्ट्रीय एकता, सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारा मजबूत करने के लिए कार्य करना होगा। उन्होंने उपस्थित लोगों को विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपना योगदान देने का संकल्प लेने के लिए प्रेरित किया।
अनुराग ठाकुर ने कारगिल युद्ध के वीर कैप्टन विक्रम बत्रा को भी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि कैप्टन विक्रम बत्रा का अदम्य साहस, मातृभूमि के प्रति समर्पण और सर्वोच्च बलिदान आने वाली पीढ़ियों को हमेशा प्रेरित करता रहेगा। देश अपने वीर जवानों के शौर्य और बलिदान को कभी नहीं भूल सकता।
मीडिया से बातचीत में अनुराग ठाकुर ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का स्वाभाविक हिस्सा हैं लेकिन सार्वजनिक जीवन में संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों और महिलाओं के प्रति सम्मानजनक भाषा का प्रयोग किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राजनीतिक संवाद में मर्यादा, गरिमा और सम्मान बनाए रखना सभी नेताओं की जिम्मेदारी है।