Yoga: योग सिर्फ़ बॉडी पोस्चर बदलने तक ही सीमित नहीं है। यह मन को शांत करने, सांस को कंट्रोल करने और विचारों को स्थिर करने का एक तरीका है। यहाँ कुछ योग आसन दिए गए हैं जो एंग्जायटी को जड़ से खत्म करते हैं और मन में शांति और कॉन्फिडेंस बढ़ाते हैं। योग धीरे-धीरे लेकिन कमाल का काम करता है। जब मन डर और बेचैनी से जकड़ जाए, सांस तेज़ हो जाए और नींद आना बंद हो जाए, तो समझ लें कि एंग्जायटी ने मन पर कब्ज़ा कर लिया है। इस प्रॉब्लम में दवाएँ मदद करती हैं, लेकिन योग से गहरा आराम मिलता है। योग एक पुराना, लेकिन हमेशा नया और असरदार सॉल्यूशन है।
बालासन :
तनाव या अवसाद महसूस हो तो बालासन का अभ्यास करें। इस आसान में घुटनों पर बैठकर थोड़ा झुकना होता है, जिससे मन को कुछ विश्राम मिलता है। बालासन नर्वस सिस्टम को शांत करता है और चिंता को कम करता है।
अनुलोम विलोम प्राणायाम:
एंग्ज़ाइटी में सांसें ही सबसे पहले बिखरती हैं। उन्हें दोबारा पकड़ो। यानी अनुलोम-विलोम दिमाग की दो विपरीत दिशाओं को संतुलित कर तनाव को कम कर देता है। इसके अभ्यास के लिए सांसों पर नियंत्रण रखा जाता हैं
ये आसन शांत लेटना की कला है। इसमें शरीर को छोड़ देना होता है और दिमाग को खाली करना होता है। शवासन में शरीर-मन पूरी तरह रिलैक्स होते हैं और नर्वस सिस्टम रीस्टार्ट होता है।