नोएडा: उत्तर प्रदेश के नोएडा में आवारा कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। शहर में पिछले कुछ दिनों में कुत्तों के हमलों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामले में एक BTech छात्र को आवारा कुत्तों के झुंड ने घेर लिया और बुरी तरह काट लिया। इस घटना के बाद इलाके में लोगों की चिंता बढ़ गई है।

जानकारी के अनुसार, छात्र नोएडा के एक क्षेत्र में जा रहा था, तभी अचानक कई आवारा कुत्तों ने उसे घेर लिया। कुत्तों के हमले में छात्र गंभीर रूप से घायल हो गया। आसपास मौजूद लोगों ने किसी तरह उसे बचाया और इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है। कई बार कुत्तों के झुंड सड़क, पार्क और रिहायशी इलाकों में घूमते नजर आते हैं, जिससे बच्चों, बुजुर्गों और राहगीरों को खतरा बना रहता है। बताया जा रहा है कि नोएडा में बीते 5 दिनों के भीतर कुत्तों के हमले के करीब 20 मामले सामने आ चुके हैं। लगातार बढ़ती घटनाओं के कारण लोग प्रशासन से जल्द प्रभावी कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
कुत्तों के हमलों को रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं। लोगों का कहना है कि आवारा कुत्तों की नसबंदी, वैक्सीनेशन और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करने की जरूरत है। विशेषज्ञों के अनुसार, आवारा कुत्तों के व्यवहार में बदलाव कई कारणों से हो सकता है। भोजन की कमी, डर, क्षेत्रीय संघर्ष और मानवीय हस्तक्षेप जैसी वजहों से कई बार कुत्ते आक्रामक हो जाते हैं।
नगर प्रशासन की ओर से समय-समय पर आवारा कुत्तों को नियंत्रित करने और एंटी-रेबीज टीकाकरण अभियान चलाने की बात कही जाती है। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि जमीनी स्तर पर और तेजी से काम करने की जरूरत है। निवासियों ने मांग की है कि संवेदनशील इलाकों की पहचान कर वहां विशेष अभियान चलाया जाए, ताकि बच्चों और आम लोगों को सुरक्षित माहौल मिल सके।
नोएडा में लगातार सामने आ रहे कुत्तों के हमलों ने एक बार फिर आवारा पशुओं के प्रबंधन और नागरिक सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन इस समस्या से निपटने के लिए क्या कदम उठाता है।
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