पवई एनकाउंटर में मारे गए रोहित आर्या का पोस्टमार्टम पूरा, JJ अस्पताल से शव परिजनों को सौंपा
Mumbai मुंबई। महाराष्ट्र की आर्थिक राजधानी मुंबई के पवई इलाके में गुरुवार रात हुए एनकाउंटर में मारे गए कुख्यात अपराधी रोहित आर्या का शुक्रवार को JJ अस्पताल में पोस्टमार्टम किया गया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस ने शव को उसके परिजनों को सौंप दिया। इस दौरान अस्पताल परिसर में भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, रोहित आर्या के खिलाफ मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई के विभिन्न थानों में हत्या, लूट और रंगदारी के कई मामले दर्ज थे। बीते कुछ महीनों से वह पुलिस की निगरानी में था और गुरुवार रात पवई में हुई मुठभेड़ में मारा गया। पवई पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम ने इलाके में छापा मारा था, जहां आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में वह गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके बाद उसे JJ अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल सूत्रों ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम फॉरेंसिक टीम की देखरेख में किया गया। आर्या के शरीर से दो गोली के छर्रे बरामद हुए हैं। डॉक्टरों की प्राथमिक रिपोर्ट में मौत का कारण गोलियों से हुआ रक्तस्राव और आंतरिक चोटें बताया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट को जांच टीम को सौंप दिया गया है। पवई पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि घटना के बाद पुलिस टीम की कार्रवाई का वीडियो और बॉडी कैम फुटेज जब्त कर लिया गया है। जांच के तहत यह भी देखा जा रहा है कि मुठभेड़ के दौरान किस परिस्थितियों में गोली चली। पूरे मामले की जांच DCP जोन-10 की देखरेख में की जा रही है। रोहित आर्या का नाम पिछले साल से ही कई आपराधिक मामलों में उभर कर सामने आया था। वह कुछ समय पहले ठाणे जिले के एक बिल्डर से रंगदारी मांगने के आरोप में जेल गया था, लेकिन हाल ही में जमानत पर बाहर आया था। पुलिस को शक है कि जेल से बाहर आने के बाद उसने फिर से पुराने गैंग से संपर्क साध लिया था।
शव को परिजनों के हवाले करने के बाद पुलिस ने अंतिम संस्कार स्थल पर भी सुरक्षा बढ़ा दी है। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस को आशंका है कि अंतिम संस्कार के दौरान उसके समर्थक या साथी अपराधी इकट्ठे हो सकते हैं। स्थानीय खुफिया इकाइयों को सतर्क कर दिया गया है और इलाके में पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि इस एनकाउंटर की जांच मैजिस्ट्रेट इंक्वायरी के तहत कराई जाएगी, जैसा कि हर पुलिस मुठभेड़ के बाद किया जाता है। वहीं, अपराध शाखा ने रोहित आर्या के मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरण जब्त कर लिए हैं, ताकि उसके संपर्कों और हाल के गतिविधियों की जानकारी मिल सके। स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है, क्योंकि आर्या का गैंग पिछले कुछ महीनों से पवई और विक्रोली क्षेत्र में डर का माहौल बना रहा था। एक निवासी ने कहा, “बीते दिनों कई दुकानदारों से धमकी भरे कॉल आ रहे थे। अब पुलिस कार्रवाई के बाद हमें थोड़ी राहत मिली है।”
फिलहाल, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर पुलिस अगली कार्रवाई तय करेगी।