नेपाल में बाढ़ का महाविनाश अब तक 781 लोगों की मौत 2502 लापता

काठमांडू: नेपाल में आई भीषण बाढ़ और मलबे के सैलाब से मरने वालों की संख्या बढ़कर 781 हो गई है, जबकि 2,502 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। आपदा के पांचवें दिन रविवार को भी प्रभावित इलाकों में बड़े पैमाने पर राहत और बचाव अभियान जारी रहा। बचाव दल मलबे में दबे और लापता लोगों की तलाश करने के साथ अलग-अलग स्थानों पर फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने में जुटे हैं। नेपाल के राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (NDRRMA) के मुताबिक प्रभावित सभी आठ जिलों से शव बरामद किए गए हैं। इस भीषण आपदा के बाद अब तक 9,435 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है।


26 अगस्त को आई थी विनाशकारी आपदा

जानकारी के अनुसार, नेपाल-तिब्बत सीमा के पास हिमनद टूटने के बाद 26 अगस्त को हिमस्खलन जैसी घटना हुई। इसके बाद पानी, मिट्टी और मलबे का तेज बहाव निचले इलाकों की तरफ बढ़ा और मध्य नेपाल के कई कस्बों तथा गांवों को अपनी चपेट में ले लिया। अचानक आए पानी और मलबे के कारण बड़ी संख्या में मकान और अन्य संरचनाएं प्रभावित हुईं। महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचा है और जलविद्युत परियोजनाएं प्रभावित हुई हैं।

चितवन में सबसे ज्यादा 272 शव बरामद

NDRRMA के अनुसार, अब तक चितवन जिले से 272 शव बरामद किए गए हैं। नवलपरासी पूर्व से 199 और नवलपरासी पश्चिम से 100 शव मिले हैं। इसके अलावा गोरखा जिले से 58, नुवाकोट से 52, धादिंग से 50, तनहू से 37 और रसुवा से 13 शव बरामद किए गए हैं। इस तरह आठ प्रभावित जिलों में मृतकों की कुल संख्या 781 तक पहुंच गई है।

2502 लोगों की तलाश जारी

आपदा के बाद सबसे बड़ी चुनौती हजारों लापता लोगों का पता लगाना है। अधिकारियों के मुताबिक अभी 2,502 लोग लापता हैं। राहत और बचाव दल लगातार उनकी तलाश कर रहे हैं। प्रभावित क्षेत्रों में जमा भारी मलबे और क्षतिग्रस्त रास्तों के कारण बचाव अभियान में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद टीमें प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने और फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने का प्रयास कर रही हैं।

अब तक 9435 लोगों का रेस्क्यू

आपदा के बीच राहत की बात यह है कि अब तक 9,435 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। बचाव अभियान के पांचवें दिन भी फंसे हुए लोगों को निकालने और लापता लोगों की खोज का काम जारी है।बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में अब पुनर्वास की चुनौती भी बढ़ रही है। हजारों लोगों को भोजन, पीने के पानी और सुरक्षित आश्रय की जरूरत है। कई क्षेत्रों में सड़क और अन्य बुनियादी सुविधाओं को नुकसान पहुंचने के कारण सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

नेपाल में आई इस विनाशकारी आपदा में मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ने के बीच प्रशासन का पूरा ध्यान राहत, बचाव और लापता लोगों की तलाश पर केंद्रित है।

नेपाल-चीन के सीमावर्ती इलाकों में बुधवार सुबह अचानक आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। अचानक आए जलसैलाब में 390 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई जबकि सैकड़ों लोग लापता हो गए। इस बीच विदेश मंत्रालय ने राहत भरा अपडेट दिया है कि अभी तक 149 लोगों को रेस्क्यू किया गया है।

Tags: