Chhatarpur में स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल, समय पर एंबुलेंस न मिलने से नवजात की मौत
Chhatarpur : मध्य प्रदेश के Chhatarpur जिले से स्वास्थ्य व्यवस्था की लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है, जहां समय पर इलाज और एंबुलेंस नहीं मिलने के कारण एक नवजात शिशु की मौत हो गई।जानकारी के अनुसार, गोरगांव निवासी इंद्रपाल सिंह की पत्नी की शनिवार सुबह डिलीवरी हुई थी। जन्म के बाद नवजात की हालत अचानक बिगड़ गई, जिससे परिजन घबरा गए और तुरंत इलाज के लिए नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे।
परिजनों का आरोप है कि ईसानगर स्वास्थ्य केंद्र पर सुबह से डॉक्टर मौजूद नहीं थे और केवल नर्स ही इलाज कर रही थी। मरीज की स्थिति बिगड़ती रही, लेकिन काफी देर तक डॉक्टर के आने का इंतजार करना पड़ा।करीब 11 बजे डॉक्टर पहुंचे और बच्चे की हालत गंभीर देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इसके बाद एक और गंभीर आरोप सामने आया कि एंबुलेंस उपलब्ध होने के बावजूद परिजनों से 600 रुपये की मांग की गई।
परिजनों के अनुसार, पैसे न देने पर एंबुलेंस उपलब्ध नहीं कराई गई। मजबूरी में परिवार नवजात को बाइक से जिला अस्पताल ले जाने को मजबूर हुआ।रास्ते में बच्चे की हालत लगातार बिगड़ती गई और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो गई।
इस घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया और स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में समय पर डॉक्टरों की अनुपस्थिति और एंबुलेंस सेवाओं की कमी आम समस्या बनती जा रही है, जिससे लोगों की जान जोखिम में पड़ रही है।
स्वास्थ्य विभाग ने मामले की जांच की बात कही है और कहा है कि जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।