Yoga Tips: योग की प्राचीन परंपरा आज भी उतनी ही प्रासंगिक है। नियमित अभ्यास न केवल मांसपेशियों को राहत देता है बल्कि मन को भी स्थिर करता है। दवाइयों पर निर्भर रहने से बेहतर है रोज 15 मिनट अपने शरीर को देना। यदि आप सच में स्वस्थ रहना चाहते हैं तो कुर्सी से उठिए और शरीर को उसकी प्राकृतिक गति लौटाइए।
अगर आप भी दिनभर डेस्क जॉब करते हैं, तो घबराइए नहीं। सिर्फ 15–20 मिनट का योग अभ्यास आपके शरीर और दिमाग को नई ऊर्जा दे सकता है। आइए जानते हैं ऐसे 3 असरदार योगासन, जो दिनभर कुर्सी पर बैठे-बैठे काम करने वालों के लिए फायदेमंद हैं।
ताड़ासन:
ताड़ासन रीढ़ को सीधा और शरीर को संतुलित करता है। ताड़ासन साधारण दिखता है, पर प्रभाव असाधारण है। इसे सही ढंग से किया जाए तो यह पूरे शरीर की मुद्रा (पोश्चर) को सुधार देता है।
कैसे करें:
सीधे खड़े हो जाएं, दोनों पैरों के बीच थोड़ा अंतर रखें।
हाथ शरीर के पास रखें।
गहरी सांस लेते हुए हाथों को ऊपर उठाएं और एड़ियों पर खड़े हो जाएं।
शरीर को ऊपर की ओर खिंचाव दें।
20-30 सेकंड रुकें, फिर सामान्य स्थिति में लौटें।
फायदे:
रीढ़ की हड्डी सीधी होती है।
झुकी हुई पीठ और गर्दन में सुधार।
शरीर में संतुलन और एकाग्रता बढ़ती है।
जो लोग लंबे समय तक झुककर स्क्रीन देखते हैं, उनके लिए यह आसन अनिवार्य है।
भुजंगासन:
यह आसन कमर दर्द का सशक्त समाधान है। लगातार बैठने से पीठ के निचले हिस्से पर दबाव बढ़ता है। भुजंगासन रीढ़ को पीछे की ओर मोड़कर उस दबाव को संतुलित करता है।
कैसे करें:
पेट के बल लेट जाएं।
हथेलियां कंधों के पास जमीन पर रखें।
सांस लेते हुए धीरे-धीरे छाती को ऊपर उठाएं।
कमर पर जोर न डालें, हाथों की सहायता लें।
15-20 सेकंड रुकें।
फायदे:
लोअर बैक पेन में राहत।
पेट की चर्बी घटाने में सहायक।
फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है।
अर्ध मत्स्येन्द्रासन :
यह आसन रीढ़ और पाचन के लिए वरदान है। कुर्सी पर घंटों बैठे रहने से रीढ़ अकड़ जाती है और पाचन तंत्र सुस्त पड़ जाता है। यह आसन दोनों समस्याओं पर काम करता है।
कैसे करें:
जमीन पर बैठकर एक पैर मोड़ें और दूसरा उसके ऊपर रखें।
विपरीत दिशा में शरीर को मोड़ें।
हाथ से घुटने को पकड़कर ट्विस्ट बढ़ाएं।
20 सेकंड रुकें, फिर दूसरी ओर दोहराएं।
रीढ़ में लचीलापन।
पाचन सुधार।
पेट की चर्बी कम करने में मदद।