चंबा। भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) के परवाणू शाखा कार्यालय की ओर से जिला चंबा के सलूणी ब्लाक में महिला- नेतृत्व वाले स्वयं सहायता समूहों के लिए एक विशेष शाइन (स्टैंडड्र्स हेल्प इन्फार्म एंड नर्चर एम्पायर्ड वूमन) प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता बीआईएस परवाणू शाखा कार्यालय के निदेशक एवं प्रमुख एससी नायक ने की। कार्यक्रम में क्षेत्र के विभिन्न स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी 48 महिलाओं ने हिस्सा लिया।
बीआईएस अधिकारियों ने प्रतिभागियों को दैनिक जीवन में उपयोगी आईएसआई मार्क और हालमार्क के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान महिलाओं को समझाया गया कि आईएसआई मार्क किसी भी उत्पाद की उच्च गुणवत्ता और सुरक्षा का पुख्ता प्रमाण है, जबकि हालमार्क सोने और चांदी के आभूषणों की शुद्धता को सुनिश्चित करता है। उन्होंने महिलाओं को प्रेरित किया कि वे भविष्य में कोई भी खरीदारी करते समय उत्पादों पर इन प्रामाणिक चिंहों की जांच अवश्य करें ताकि वे धोखाधड़ी से बच सकें। इसके साथ ही महिलाओं को सुरक्षित खरीदारी के तौर- तरीकों और उनके उपभोक्ता अधिकारों से भी अवगत कराया गया। जिला कार्यक्रम प्रबंधक राकेश भाटिया ने बताया कि यह पूरा सत्र बेहद संवादात्मक रहा।