अमेठी। उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले में एक महिला को कथित रूप से बहला-फुसलाकर लखनऊ ले जाने, करीब दो महीने तक बंधक बनाकर रखने, दुष्कर्म करने और धर्म परिवर्तन कराने का प्रयास करने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करते हुए आरोपी तबरेज अहमद को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
पीड़िता और उसके पति ने स्थानीय पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि घटना की शिकायत लेकर थाने पहुंचने के बावजूद कई दिनों तक मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। स्थानीय स्तर पर उनकी सुनवाई नहीं होने के बाद दोनों ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद एसपी के निर्देश पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की।
महिला ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 12 जून को नेवाज मदारगढ़ निवासी तबरेज अहमद उसे कथित रूप से बहला-फुसलाकर एक एंबुलेंस के माध्यम से लखनऊ ले गया था। आरोप है कि लखनऊ पहुंचने के बाद महिला को पहले एक कमरे में रखा गया। कुछ समय बाद आरोपी ने दूसरी जगह कमरा किराये पर लिया और महिला को वहां ले गया। पीड़िता का आरोप है कि उसे करीब दो महीने तक उसकी इच्छा के विरुद्ध कमरे में रखा गया।
महिला के मुताबिक उसने कई बार घर वापस जाने और अपने पति एवं परिवार के अन्य सदस्यों से फोन पर बात कराने की मांग की। आरोप है कि इस पर तबरेज ने उसके साथ गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी उसे किसी दूसरे व्यक्ति के हाथ बेच देने की धमकी देकर डराता था। इसी भय के कारण वह कमरे से बाहर निकलने या किसी से सहायता मांगने की हिम्मत नहीं जुटा सकी।
पीड़िता ने तहरीर में आरोप लगाया है कि बंधक बनाकर रखने के दौरान आरोपी ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। इसके अलावा उस पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाया गया। महिला का दावा है कि आरोपी ने उसके आधार कार्ड में भी बदलाव करा दिया। आधार कार्ड में पति के नाम और पते के स्थान पर कथित रूप से आरोपी का नाम और पता दर्ज करा दिया गया। पुलिस अब इस आरोप की भी जांच कर रही है कि आधार कार्ड में परिवर्तन किस प्रक्रिया से और किन दस्तावेजों के आधार पर कराया गया।
पीड़िता ने बताया कि किसी तरह उसे आरोपी के कब्जे से निकलने का मौका मिला। इसके बाद वह अपने घर पहुंची और पति को पूरी घटना बताई। महिला और उसका पति शिकायत लेकर संबंधित थाने पहुंचे तथा आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। दोनों का आरोप है कि शुरुआत में पुलिसकर्मियों ने उनकी शिकायत को प्रेम प्रसंग से जुड़ा मामला बताते हुए तत्काल मुकदमा दर्ज नहीं किया।
कई दिनों तक कार्रवाई नहीं होने पर पीड़िता और उसके पति ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर शिकायत की। उन्होंने एसपी के सामने बंधक बनाने, दुष्कर्म, धमकी देने, धर्मांतरण का प्रयास करने और दस्तावेज में कथित बदलाव का आरोप लगाया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने संबंधित थाना पुलिस को मुकदमा दर्ज कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
थानाध्यक्ष विवेक वर्मा ने बताया कि महिला की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है। नामजद आरोपी तबरेज अहमद को गिरफ्तार करने के बाद न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि महिला के बयान दर्ज करने के साथ मामले से जुड़े अन्य साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं।
पुलिस अब लखनऊ में उस स्थान का पता लगाने का प्रयास कर रही है जहां महिला को रखने का आरोप लगाया गया है। एंबुलेंस से लखनऊ ले जाने, किराये पर कमरा लेने और आधार कार्ड में कथित बदलाव से संबंधित जानकारी भी जुटाई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मामले में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगी।