बरेली। शहर में रविवार दोपहर से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जर्जर भवनों की हालत और बिगाड़ दी है। बीते 24 घंटों में बानखाना और आजमनगर क्षेत्र में तीन पुराने और जर्जर मकान भरभराकर ढह गए। राहत की बात यह रही कि तीनों भवन पहले से खाली थे। इस कारण किसी तरह की जनहानि नहीं हुई और एक बड़ा हादसा टल गया। लगातार बारिश के बीच पुराने भवनों के गिरने की घटनाओं ने नगर क्षेत्र में जर्जर इमारतों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।

पहला हादसा रविवार रात बानखाना क्षेत्र में हुआ। लगातार बारिश और भवन की कमजोर स्थिति के कारण एक पुराना मकान अचानक ढह गया। मकान के गिरते ही आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, भवन में किसी के नहीं रहने के कारण कोई व्यक्ति मलबे में नहीं दबा। स्थानीय लोगों ने घटना की सूचना संबंधित अधिकारियों को दी।

इसके बाद सोमवार सुबह करीब साढ़े छह बजे आजमनगर के वार्ड-20 स्थित हरी मस्जिद के पास दूसरा बड़ा हादसा हुआ। यहां शरीफ खान का करीब 50 वर्गगज क्षेत्रफल में बना लगभग 80 वर्ष पुराना दो मंजिला मकान अचानक भरभराकर गिर गया। भवन के गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। मलबा सड़क और आसपास के हिस्से में फैल गया। गनीमत रही कि मकान खाली था और किसी तरह की जनहानि नहीं हुई।

80 साल पुराने मकान ने छोड़े मलबे के ढेर

हरी मस्जिद के पास स्थित शरीफ खान का मकान करीब आठ दशक पुराना बताया गया है। लगातार बारिश के कारण भवन की दीवारों और अन्य हिस्सों में नमी बढ़ गई थी। लंबे समय से जर्जर हालत में खड़ा यह मकान बारिश का दबाव नहीं झेल सका और सोमवार सुबह अचानक धराशायी हो गया।

स्थानीय लोगों के अनुसार, मकान की स्थिति पहले से ही कमजोर थी। बारिश के दौरान इसके गिरने की आशंका बढ़ गई थी। भवन खाली होने के कारण आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली। यदि मकान में परिवार रह रहा होता तो हादसा गंभीर रूप ले सकता था।

तीसरा मकान भी गिरा

इसी अवधि में आजमनगर क्षेत्र में एक अन्य जर्जर मकान के गिरने की भी सूचना सामने आई। इस तरह 24 घंटे के भीतर शहर में तीन जर्जर भवनों के गिरने की घटनाएं हुईं। तीनों घटनाओं में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

लगातार बारिश के कारण पुराने भवनों पर दबाव बढ़ गया है। जिन मकानों की नींव और दीवारें पहले से कमजोर हैं, उनमें पानी का रिसाव होने से खतरा और बढ़ जाता है। ऐसे भवनों के अचानक गिरने की आशंका बनी रहती है।

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