नगर कौंसिल जीरकपुर द्वारा बरसाती नाले में पाइप डालने के काम चढ़ा सीमा विवाद की भेंट
जीरकपुर । Victim of Boundary Dispute: जीरकपुर के बलटाना क्षेत्र में पंजाब और हरियाणा की सीमा का विवाद एक बार फिर सामने आया है। जिसका खामियाजा बलटाना निवासियों को भुगतना पड़ रहा है। हालांकि, पंचकुला प्रशासन ने चिन्हित जगह पर पहले से ही दीवार खड़ी की है। लेकिन फिर भी पंचकुला प्रशासन की दीवार के बाहर की जमीन हरियाणा की बताई जा रही है। गुरुवार देर शाम जीरकपुर के वार्ड नंबर 5 में आने वाले एरिया में नगर कौंसिल जीरकपुर द्वारा हरियाणा की दीवार से सटे बरसाती नाले में पाइप बिछाई जा रही थी। जिसका काम पंचकुला प्रशासन ने यह कहकर रोक दिया था कि यह जमीन हरियाणा क्षेत्र में आती है। मामले की जानकारी देते हुए वार्ड नंबर 5 की पार्षद नेहा शर्मा तथा उनके साथ सुनीता शर्मा, मोनिका मेहता, बिमला देवी, वीरेंद्र अरोड़ा, प्रेम शुक्ला व मनी शर्मा सहित अन्य निवासियों ने बताया कि हरियाणा पर कोटे के बाहर बरसाती नाला बह रहा है। जिससे यहां रहने वाले लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ती है। क्योंकि इस नाले में कई तरह के जंगली जीव हैं जो आस पास के घर में आ जाते हैं। इन जीवों और दुर्गंध के अलावा इस नाले में मच्छर भी बहुत हैं। जिसके चलते लोगों की मांग पर नगर परिषद जीरकपुर इस नाले को जमीन के नीचे पाइप बिछाकर बंद कर रही थी। हालांकि, पंचकुला प्रशासन नाले में पाइप डालने की अनुमति नहीं दे रहा है, जिसके कारण काम रोकना पड़ा। आज शुक्रवार सुबह फिर से नगर परिषद ने पाइप डालने का काम शुरू किया, लेकिन पंचकुला प्रशासन ने काम फिर से रोक दिया है। जिसका स्थानीय निवासियों और वार्ड नंबर 5 की पार्षद नेहा शर्मा द्वारा कड़ा विरोध किया जा रहा है। इस बीच गुस्साए लोगों ने इकट्ठा होकर पंचकुला प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर वार्ड नंबर 5 की पार्षद नेहा शर्मा ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए यह कहा कि वह कानून के दायरे में रहते हुए इस नाले मैं पाइपलाइन बिछाने का काम करवा कर रहेंगी और स्थानीय लोगों को नाले की दुर्गंध और जंगली जीवों की समस्या से निजात दिलवा कर रहेंगी। उन्होंने पंचकुला प्रशासन पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर यह बरसाती नाला हरियाणा क्षेत्र में आता है तो क्या पंचकुला प्रशासन ने इस तरफ दीवार नहीं बनाई है? जबकि यह दीवार नाले के उसे पर है । इसलिए इस जमीन पर पंचकुला प्रशासन का कोई अधिकार ही नहीं है।
जिला पंचकुला और जिला एसएएस नगर प्रशासन ने आपसी संवाद स्थापित किया है, जिला प्रशासन एसएएस नगर ने इस संबंध में रिपोर्ट मांगी है। मैं जिला प्रशासन एसएएस नगर को एक रिपोर्ट बना कर भेज रहा हूं। अगले आदेश के बाद ही आगे कोई कार्रवाई शुरू की जाएगी।
रवनीत सिंह, कार्यकारी अधिकारी, नगर कौंसिल, जीरकपुर।