मुंबई : सरकारी अधिकारी बनकर लोगों को डराने और पैसे ऐंठने का मामला सामने आया है। वनराई पुलिस ने बदलापुर निवासी 29 वर्षीय एक बेरोजगार युवक को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने खुद को महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPCB) का अधिकारी बताकर एक फैक्ट्री मालिक से पैसे वसूलने की कोशिश की।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान स्वराज घोसालकर के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने फर्जी पहचान बनाकर खुद को MPCB का फील्ड ऑफिसर बताया और फैक्ट्री मालिकों को प्रदूषण नियंत्रण नियमों के उल्लंघन के नाम पर कार्रवाई का डर दिखाया।
फर्जी अधिकारी बनकर बनाया दबाव
पुलिस जांच के मुताबिक, आरोपी ने कथित तौर पर MPCB के फील्ड अधिकारी के रूप में अपनी पहचान बताई। उसने इस दौरान सचिन महादिक नाम का इस्तेमाल किया।
आरोप है कि आरोपी फैक्ट्री मालिकों से संपर्क कर उन्हें बताता था कि उनकी फैक्ट्री में प्रदूषण नियंत्रण नियमों का उल्लंघन हो रहा है। इसके बाद वह कानूनी कार्रवाई, भारी जुर्माना और गिरफ्तारी की धमकी देकर दबाव बनाने की कोशिश करता था।
पुलिस का कहना है कि आरोपी ने इसी तरीके से एक फैक्ट्री मालिक से पैसे ऐंठने का प्रयास किया।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस हरकत में आई
मामले की जानकारी मिलने के बाद फैक्ट्री मालिक ने पुलिस से संपर्क किया। शिकायत के आधार पर वनराई पुलिस ने जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को आरोपी के बारे में अहम जानकारी मिली और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है ताकि इस बात का पता लगाया जा सके कि उसने इससे पहले कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।
कई फैक्ट्री मालिकों को बनाया निशाना?
पुलिस को आशंका है कि आरोपी ने केवल एक व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि अन्य फैक्ट्री मालिकों को भी इसी तरह निशाना बनाया हो सकता है।
जांच एजेंसी आरोपी के मोबाइल रिकॉर्ड, संपर्कों और बैंक से जुड़े लेनदेन की जानकारी जुटा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस कथित ठगी में कोई और व्यक्ति भी शामिल है या नहीं।
सरकारी विभागों के नाम पर ठगी के मामले बढ़े
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हाल के दिनों में सरकारी विभागों के अधिकारी बनकर लोगों को ठगने के मामले सामने आ रहे हैं।
ठग अक्सर पुलिस अधिकारी, नगर निगम कर्मचारी, प्रदूषण विभाग के अधिकारी या अन्य सरकारी एजेंसियों के प्रतिनिधि बनकर लोगों को डराते हैं और पैसे की मांग करते हैं।
ऐसे मामलों में लोगों को सतर्क रहने और किसी भी अधिकारी की पहचान की पुष्टि करने की सलाह दी जाती है।
MPCB के नाम का गलत इस्तेमाल
महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड राज्य में उद्योगों से जुड़े प्रदूषण मानकों की निगरानी करता है। ऐसे में विभाग के नाम का इस्तेमाल कर फैक्ट्री मालिकों को डराना गंभीर मामला माना जा रहा है।
पुलिस यह जांच कर रही है कि आरोपी ने MPCB से जुड़े दस्तावेज, फर्जी पहचान पत्र या अन्य किसी तरीके का इस्तेमाल किया था या नहीं।
आरोपी से पूछताछ जारी
वनराई पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर मामले में और जानकारी सामने आ सकती है।
यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
फैक्ट्री संचालकों से अपील
पुलिस ने उद्योग संचालकों से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति सरकारी अधिकारी बनकर कार्रवाई का डर दिखाता है या पैसे की मांग करता है तो तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दें।
किसी भी सरकारी नोटिस या कार्रवाई की पुष्टि संबंधित विभाग से जरूर करनी चाहिए।
फिलहाल MPCB अधिकारी बनकर कथित ठगी करने वाले स्वराज घोसालकर की गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है।