कोडागु में लगातार भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित, भागमंडल त्रिवेणी संगम में उफान
मडिकेरी। कर्नाटक के कोडागु जिले में मंगलवार रात से लगातार हो रही भारी बारिश के कारण कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित हो गया है। बुधवार सुबह से भी जिले के विभिन्न हिस्सों में बारिश का तेज दौर जारी रहा। लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी भर गया है, जबकि नदियों, नालों और तालाबों में जलस्तर और बहाव तेजी से बढ़ रहा है। मौसम का रुख इसी तरह बना रहा तो जिले के कुछ हिस्सों में बाढ़ का खतरा पैदा हो सकता है।
भारी बारिश का असर सबसे ज्यादा भागमंडल क्षेत्र में दिखाई दे रहा है। यहां प्रसिद्ध त्रिवेणी संगम पानी से भर गया है। लगातार बारिश के कारण संगम में नदी का जलस्तर बढ़ता गया और पानी आसपास के खेतों में प्रवेश कर गया। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि संगम का पानी ओवरफ्लो होकर ऐतिहासिक भागंडेश्वर मंदिर की सीढ़ियों तक पहुंच गया। मंदिर परिसर के आसपास पानी बढ़ने के बाद स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में भी चिंता बढ़ गई है।
कोडागु में मंगलवार रात से बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। बुधवार सुबह बारिश ने और जोर पकड़ लिया। कई क्षेत्रों में लगातार पानी गिरने के कारण सड़कों पर जलभराव हो गया। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों तक पानी पहुंचने से कृषि गतिविधियां भी प्रभावित हुई हैं।
कोडागु पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण यहां भारी बारिश का असर तेजी से दिखाई देता है। लगातार बारिश होने पर पहाड़ियों से निकलने वाली छोटी जलधाराओं, नालों और नदियों में अचानक पानी बढ़ जाता है। इस समय जिले के कई जलस्रोतों में बहाव बढ़ने की जानकारी है। यदि बारिश का दौर लंबे समय तक जारी रहता है, तो नदियों का पानी किनारों से बाहर आने और निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति बनने की आशंका बढ़ सकती है।
भागमंडल स्थित त्रिवेणी संगम धार्मिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण स्थान है। यहां तीन धाराओं के संगम के कारण बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। बारिश के मौसम में नदी का जलस्तर बढ़ने पर यह क्षेत्र संवेदनशील हो जाता है। बुधवार को संगम का पानी खेतों में घुसने और फिर ओवरफ्लो होकर भागंडेश्वर मंदिर की सीढ़ियों तक पहुंचने से नदी के बढ़े हुए जलस्तर का अंदाजा लगाया जा सकता है।
मंदिर की सीढ़ियों तक पानी पहुंचने के बाद यहां आने-जाने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है। तेज बहाव और फिसलन के कारण दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों को जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रखना जरूरी है। स्थानीय प्रशासन की ओर से भी स्थिति पर नजर रखने की आवश्यकता बढ़ गई है।
लगातार बारिश का असर जिले की सामान्य यातायात व्यवस्था पर भी पड़ा है। कई स्थानों पर सड़कों पर पानी जमा होने से वाहनों की गति धीमी हो गई। ग्रामीण इलाकों में छोटे मार्गों पर जलभराव के कारण आवाजाही मुश्किल होने की स्थिति बन रही है। लगातार बारिश जारी रहने पर पुल-पुलियों और निचले रास्तों पर भी पानी बढ़ने की आशंका है।
कोडागु में भारी बारिश के दौरान भूस्खलन का खतरा भी बना रहता है। जिले का बड़ा हिस्सा पहाड़ी और वन क्षेत्र में आता है। ऐसे में लगातार बारिश से मिट्टी कमजोर होने पर कुछ क्षेत्रों में भूस्खलन की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। फिलहाल जलभराव और बढ़ते नदी-नालों के जलस्तर पर ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है, लेकिन बारिश जारी रहने पर प्रशासन को अन्य संभावित जोखिमों पर भी नजर रखनी होगी।
नदियों और तालाबों में बढ़ता पानी फिलहाल जिले के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। सामान्य बारिश में जलस्रोतों का बढ़ना सकारात्मक माना जाता है, लेकिन कम समय में लगातार भारी बारिश होने पर यही पानी निचले इलाकों के लिए खतरा बन सकता है। इसलिए जलस्तर की लगातार निगरानी और संवेदनशील इलाकों में समय रहते लोगों को सतर्क करना जरूरी है।
स्थानीय स्तर पर लोगों की दिनचर्या भी प्रभावित हुई है। लगातार बारिश के कारण कई लोग जरूरी काम से ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। खेतों और ग्रामीण रास्तों में पानी भरने से किसानों और स्थानीय निवासियों को परेशानी हो रही है। बाजार और अन्य सार्वजनिक गतिविधियों पर भी बारिश का असर दिखाई दे रहा है।
प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। नदी और नालों के जलस्तर में अचानक वृद्धि होने पर स्थिति तेजी से बदल सकती है। ऐसे में संवेदनशील स्थानों की पहचान, जलस्तर की निगरानी और जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी जरूरी होगी।
भागमंडल का त्रिवेणी संगम फिलहाल लगातार बढ़ते जलस्तर का प्रमुख संकेत बना हुआ है। संगम का पानी पहले आसपास के खेतों में पहुंचा और इसके बाद ओवरफ्लो होकर भागंडेश्वर मंदिर की सीढ़ियों तक पहुंच गया। यदि बारिश इसी गति से जारी रहती है, तो जलस्तर और बढ़ने की संभावना बनी हुई है।
फिलहाल कोडागु जिले में बारिश थमने के स्पष्ट संकेत नहीं हैं। जिले के कई हिस्सों में लगातार भारी बारिश हो रही है और नदियों, नालों तथा तालाबों में पानी का बहाव बढ़ रहा है। प्रशासन और स्थानीय लोगों को अगले कुछ घंटों के दौरान विशेष सतर्कता बरतनी होगी। खासकर नदी किनारे, निचले इलाकों और जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवाजाही से बचना जरूरी है। आने वाले समय में बारिश की तीव्रता और जलस्तर की स्थिति तय करेगी कि हालात सामान्य रहते हैं या जिले के कुछ हिस्सों में बाढ़ का खतरा और बढ़ता है।