Yoga Tips: शरीर की रोगों से लड़ने की क्षमता बढ़ाते हैं ये योगासन

Update: 2025-01-21 01:06 GMT
Yoga Tips: सर्दियों के मौसम में रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने के कारण कई तरह की बीमारियां आसानी से हो सकती हैं। हालांकि योग बीमारियों से लड़ने के लिए शरीर की क्षमता को मजबूत बनाने में सहायक है। योगासनों का अभ्यास इम्यूनिटी मजबूत करने में बेहद फायदेमंद हो सकता है। योग के साथ ही संतुलित आहार और पर्याप्त नींद का भी ध्यान रखें।
ताड़ासन
ताड़ासन पूरे शरीर को खींचने का योगासन है। यह शरीर में रक्त प्रवाह को बेहतर बनाता है और मांसपेशियों को रिलैक्स करता है।
ताड़ासन की अभ्यास विधि
सीधे खड़े होकर हाथों को सिर के ऊपर उठाएं। अब उंगलियों को इंटरलाॅक करें और शरीर को ऊपर की ओर खींचें। पैरों के पंजों पर खड़े होकर 10-15 सेकंड तक इस स्थिति में रहें।
वज्रासन
यह योगासन पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है और शरीर को आराम देता है। वज्रासन का अभ्यास खाने के बाद किया जा सकता है, जिससे पेट की समस्याएं कम होती हैं।
वज्रासन की अभ्यास विधि
वज्रासन के अभ्यास के लिए घुटनों के बल बैठकर एड़ियों पर अपने कूल्हों को टिकाएं। इस दौरान पीठ को सीधा रखते हुए हाथों को घुटनों पर रखें। इस पोजिशन में 5 से 10 मिनट तक बैठें।
भुजंगासन से रीढ़ की हड्डी मजबूत होती है और यह शरीर के रक्त संचार को सुधारता है। यह योगासन फेफड़ों को मजबूत बनाने में भी मदद करता है, जिससे सांस संबंधी समस्याएं दूर होती हैं।
भुजंगासन की अभ्यास विधि
पेट के बल लेटकर हथेलियों को कंधों के पास रखें। धीरे-धीरे सांस लेते हुए सिर और छाती को ऊपर उठाएं। इस दौरान पेट को जमीन पर लगे रहने दें। इस स्थिति में 15-20 सेकंड तक रहें, फिर धीरे-धीरे वापस आएं।
प्राणायाम फेफड़ों को मजबूत बनाता है और शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा को बढ़ाता है। यह तनाव को कम कर मानसिक शांति प्रदान करता है, जिससे शरीर का इम्यून सिस्टम मजबूत होता है। प्राणायाम कई प्रकार के होते हैं। इम्यूनिटी की मजबूती के लिए अनुलोम विलोम, कपालभाति और भ्रामरी प्राणायाम का अभ्यास कर सकते हैं।
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