Bangal बंगाल: राजनीति में ‘घुसपैठ’ को लेकर बयानबाजी एक बार फिर तेज हो गई है। भाजपा नेताओं की ओर से आरोप लगाया जा रहा है कि राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी ममता बनर्जी को “घुसपैठियों के समर्थन” से राजनीतिक लाभ मिलता है।
भाजपा का कहना है कि यदि उनकी सरकार बनती है, तो ऐसे कथित घुसपैठियों की पहचान कर उन्हें देश से बाहर निकालने की कार्रवाई की जाएगी। पार्टी नेताओं ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा और जनसंख्या संतुलन से जुड़ा अहम मुद्दा बताया है।
वहीं, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने इन आरोपों को खारिज करते हुए भाजपा पर राजनीति करने का आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि इस तरह के बयान समाज में विभाजन पैदा करने की कोशिश हैं और वास्तविक मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए दिए जा रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के दौरान ‘घुसपैठ’, सीमा सुरक्षा और नागरिकता जैसे मुद्दे अक्सर प्रमुख चुनावी एजेंडा बन जाते हैं। इससे पहले भी इन विषयों पर भाजपा और टीएमसी के बीच तीखी नोकझोंक देखी गई है।
चुनाव नजदीक आने के साथ ही दोनों प्रमुख दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप और तेज होने की संभावना है, जिससे राज्य की सियासत और गरमा सकती है।