रोहिंग्या और बांग्लादेशियों की लड़ाई लड़ रही हैं विपक्षी पार्टियां: जगदंबिका पाल

Update: 2025-11-26 17:47 GMT
Bangal बंगाल: मतदाता सूची में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर बवाल जारी है। इस बीच तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को भाजपा का आयोग बताने पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने बुधवार को कहा कि विपक्षी पार्टियां रोहिंग्या और बांग्लादेशियों की लड़ाई लड़ रही हैं।
भाजपा सांसद ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "ममता बनर्जी ने मुख्यमंत्री होकर जो बयान दिया है, वह बयान अराजकता को बढ़ावा देने वाला है। वह बौखलाई हुई हैं। बिहार के चुनाव परिणाम ने यह साबित कर दिया कि रोहिंग्या और बांग्लादेशी, जो अवैध रूप से मतदाता बने हैं, अगर नहीं रहेंगे तो बिहार के परिणाम की तरह ही पश्चिम बंगाल का परिणाम होगा। ऐसे में ममता बनर्जी का बयान उनकी कुंठा को दिखा रहा है।"
उन्होंने कहा, "एसआईआर का तात्पर्य क्या है? यह लोगों को पता होना चाहिए। अगर एसआईआर हो रहा है, तो यह मतदाता सूची का शुद्धीकरण हो रहा है। मतदाता सूची के शुद्धीकरण के लिए बीएलओ डोर टू डोर जा रहे हैं। गांव-गांव में सभी को गणना फॉर्म 4 दिसंबर तक भरना है। अगर कहीं पर किसी का नाम छूटता है, तो उसे ऐतराज जताने का मौका दिया जाएगा। भारत का कोई भी नागरिक मतदाता बनने का अधिकार रखता है, लेकिन यह अधिकार किसी विदेशी, बांग्लादेशी और रोहिंग्या को नहीं होगा।"
उन्होंने कहा, "आज विपक्ष जो लड़ाई लड़ रहा है, उसमें चाहे ममता बनर्जी हों, अखिलेश यादव हों या फिर राहुल गांधी हों, ये सभी नेता रोहिंग्या और बांग्लादेशियों के लिए लड़ाई लड़ रहे हैं। ममता बनर्जी ने एसआईआर के खिलाफ विरोध मार्च निकाला। इस दौरान उन्होंने एसआईआर को अराजक और धमकीभरा करार देते हुए कहा कि अगर भाजपा बंगाल में मुझे नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेगी तो मैं पूरे देश में भाजपा की जड़ें हिला दूंगी।
Tags:    

Similar News