Gomti बैराज का होगा आधुनिकीकरण, पुराने गेट बदले जा रहे, जल प्रबंधन मजबूत करने की तैयारी

Update: 2026-05-09 12:22 GMT

Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार द्वारा बुनियादी ढांचे और जल प्रबंधन प्रणाली को आधुनिक बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसी दिशा में राजधानी लखनऊ स्थित गोमती बैराज को एक आधुनिक और आदर्श बैराज सिस्टम के रूप में विकसित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर सिंचाई विभाग ने गोमती बैराज के पुराने और क्षतिग्रस्त वर्टिकल गेटों को बदलने का कार्य प्रारंभ कर दिया है। विभाग का मानना है कि इन गेटों के आधुनिकीकरण से बैराज की कार्यक्षमता में सुधार होगा और जल नियंत्रण अधिक प्रभावी तरीके से किया जा सकेगा।

अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य राजधानी की पेयजल आपूर्ति को मजबूत करना है। गोमती नदी और बैराज से जुड़े जल प्रबंधन तंत्र को बेहतर बनाने के साथ-साथ शहर की बढ़ती आबादी को ध्यान में रखते हुए भविष्य की जरूरतों के अनुसार व्यवस्था को अपडेट किया जा रहा है।

इसके अलावा, इस परियोजना से बाढ़ नियंत्रण व्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है। मानसून के दौरान बढ़ते जलस्तर को नियंत्रित करने में आधुनिक गेट प्रणाली अहम भूमिका निभाएगी, जिससे आसपास के क्षेत्रों में जलभराव और बाढ़ की स्थिति को कम किया जा सकेगा।

परियोजना के तहत पर्यावरणीय संतुलन पर भी ध्यान दिया जा रहा है। सिंचाई विभाग का कहना है कि नई तकनीक के उपयोग से जल प्रवाह को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी, जिससे नदी पारिस्थितिकी तंत्र पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।

गोमती बैराज को आधुनिक बनाने की इस पहल को राज्य सरकार की जल संसाधन प्रबंधन और शहरी विकास नीति का हिस्सा माना जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक, कार्य को चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा ताकि जल आपूर्ति या स्थानीय व्यवस्था पर कोई प्रभाव न पड़े।

स्थानीय स्तर पर इस परियोजना को लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया देखी जा रही है, और उम्मीद जताई जा रही है कि इसके पूरा होने के बाद लखनऊ की जल सुरक्षा और बुनियादी ढांचा और अधिक मजबूत होगा।

Tags:    

Similar News