गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान इमारत का हिस्सा ढहा, एक की मौत और 13 लोग घायल
जटनी। ओडिशा के जटनी में शनिवार रात गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस के दौरान बड़ा हादसा हो गया। जुलूस देखने के लिए सड़क किनारे जमा लोगों के ऊपर एक इमारत के छज्जे का हिस्सा अचानक टूटकर गिर गया। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि कम से कम 13 लोग घायल हो गए। घायलों में कई लोगों के सिर पर चोटें आई हैं। गंभीर रूप से घायल आठ लोगों को बेहतर इलाज के लिए भुवनेश्वर भेजा गया है।
मृतक की पहचान रघुराजपुर निवासी बिस्वजीत बारिक के रूप में हुई है। वह पेशे से मोटरसाइकिल मैकेनिक थे। घटना के समय बिस्वजीत पोस्ट ऑफिस स्क्वायर इलाके में मौजूद थे और अन्य लोगों के साथ गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस देख रहे थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार शनिवार रात गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन को लेकर जटनी में बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर निकले थे। सीताराम छक से हरिभैना छक के बीच लगभग तीन किलोमीटर लंबे रास्ते पर हजारों लोगों की भीड़ जमा थी।
जुलूस के रास्ते में सड़क के दोनों तरफ बड़ी संख्या में लोग खड़े होकर प्रतिमाओं और धार्मिक कार्यक्रमों को देख रहे थे। पोस्ट ऑफिस स्क्वायर इलाके में भी काफी भीड़ थी। पंजाब नेशनल बैंक की इमारत के आसपास भी बड़ी संख्या में लोग खड़े थे।
बताया गया कि जैसे ही विसर्जन जुलूस इस इलाके से गुजरा, अचानक इमारत के छज्जे का एक हिस्सा टूटकर नीचे गिर गया। नीचे कई लोग खड़े थे और उन्हें बचने का मौका नहीं मिला। मलबा सीधे लोगों के ऊपर गिरने से मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
हादसा होते ही जुलूस देख रहे लोग घायलों की मदद के लिए दौड़े। मलबे की चपेट में आए लोगों को वहां से निकालने का प्रयास शुरू किया गया। अचानक हुई घटना के कारण कुछ समय के लिए पूरे इलाके में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
हादसे में कई लोगों के सिर और शरीर के दूसरे हिस्सों में चोटें आईं। घायल लोगों को तत्काल उपचार के लिए नजदीकी चिकित्सा केंद्रों में पहुंचाया गया। कुछ घायलों को रेलवे की स्थानीय मेडिकल सुविधा में ले जाया गया, जबकि अन्य को कम्युनिटी हेल्थ सेंटर पहुंचाया गया।
प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा के लिए भुवनेश्वर रेफर किया गया। गंभीर रूप से घायल आठ लोगों को कैपिटल हॉस्पिटल और एम्स भुवनेश्वर भेजा गया, जहां उनका इलाज किया जा रहा है।
घटना में बिस्वजीत बारिक की जान नहीं बचाई जा सकी। उनकी मौत की जानकारी सामने आने के बाद इलाके में शोक का माहौल बन गया। वह भी अन्य लोगों की तरह विसर्जन जुलूस देखने पहुंचे थे।
हादसे के समय सड़क पर हजारों लोगों की मौजूदगी के कारण राहत और बचाव में भी चुनौती सामने आई। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने घायलों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने में मदद की। इसके बाद उन्हें उपलब्ध वाहनों से अस्पताल ले जाया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक विसर्जन जुलूस के कारण पूरे रास्ते पर काफी भीड़ थी। लोग सड़क किनारे और आसपास की इमारतों के पास खड़े होकर जुलूस देख रहे थे। इसी दौरान पंजाब नेशनल बैंक की इमारत के पास यह हादसा हो गया।
छज्जे का हिस्सा अचानक गिरने के कारण नीचे खड़े लोगों को संभलने का समय नहीं मिला। मलबा गिरते ही कई लोग घायल होकर जमीन पर गिर गए। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल उन्हें उठाया और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास किया।
घटना के बाद सबसे पहले घायलों को नजदीकी रेलवे मेडिकल सुविधा और कम्युनिटी हेल्थ सेंटर ले जाना पड़ा। वहां चिकित्सकों ने घायलों की स्थिति देखने के बाद गंभीर रूप से घायल आठ लोगों को बड़े अस्पतालों में भेजने का निर्णय लिया।
इसके बाद इन मरीजों को कैपिटल हॉस्पिटल और एम्स भुवनेश्वर रेफर किया गया। अन्य घायलों का स्थानीय स्तर पर उपचार किया गया। हादसे में कम से कम 13 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
गणेश प्रतिमा विसर्जन के कारण शनिवार रात जटनी में उत्सव का माहौल था। अलग-अलग स्थानों से प्रतिमाएं विसर्जन के लिए निकाली गई थीं और उन्हें देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग सड़क पर मौजूद थे। लेकिन पोस्ट ऑफिस स्क्वायर इलाके में हुए हादसे के बाद उत्सव का माहौल अचानक मातम में बदल गया।
सीताराम छक से हरिभैना छक के बीच करीब तीन किलोमीटर लंबे मार्ग पर भीड़ होने के कारण लोग जुलूस देखने के लिए सड़क किनारे उपलब्ध जगहों पर खड़े थे। पंजाब नेशनल बैंक की इमारत के आसपास भी इसी कारण काफी लोग जमा थे।
इमारत का हिस्सा क्यों गिरा, इसे लेकर फिलहाल विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। घटना के वास्तविक कारणों की स्थिति आगे की जांच और निरीक्षण के बाद स्पष्ट हो सकेगी।
इस हादसे ने बड़े धार्मिक जुलूसों और सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान भीड़ वाले क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था की जरूरत को भी सामने रखा है। बड़ी संख्या में लोगों के एक ही स्थान पर जमा होने के दौरान पुरानी या कमजोर इमारतों और उनके आसपास भीड़ की मौजूदगी जोखिम बढ़ा सकती है।
घटना में जान गंवाने वाले बिस्वजीत बारिक रघुराजपुर के रहने वाले थे और मोटरसाइकिल मैकेनिक का काम करते थे। वह शनिवार रात जुलूस देखने के लिए पोस्ट ऑफिस स्क्वायर इलाके में मौजूद थे। इसी दौरान छज्जे का हिस्सा गिरने से वह भी इसकी चपेट में आ गए।
हादसे में घायल लोगों के परिजन भी सूचना मिलने के बाद अस्पताल पहुंचे। गंभीर रूप से घायल लोगों को भुवनेश्वर भेजे जाने के कारण उनके इलाज पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
जटनी में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान हुए इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत और कम से कम 13 लोगों के घायल होने से पूरे इलाके में दुख का माहौल है। घटना के बाद अब छज्जा गिरने के कारण और इमारत की स्थिति से जुड़े पहलुओं पर भी नजर रहेगी।