जबलपुर में 121 किलोमीटर लंबी कांवड़ यात्रा शुरू हजारों शिव भक्त पहुंचेंगे जागेश्वर धाम
जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में बुधवार को भव्य कांवड़ यात्रा की शुरुआत हुई। 121 किलोमीटर लंबी इस धार्मिक यात्रा में हजारों शिव भक्त शामिल हो रहे हैं। श्रद्धालु कांवड़ में नर्मदा जल लेकर भगवान शिव के दर्शन के लिए जागेश्वर धाम की ओर रवाना हुए हैं। यात्रा का समापन 24 अगस्त को जागेश्वर धाम पहुंचने के बाद होगा।
जानकारी के अनुसार, कांवड़ यात्रा की शुरुआत जबलपुर के प्रसिद्ध भेड़ाघाट स्थित पंचवटी घाट से हुई। यहां से बड़ी संख्या में शिव भक्तों ने पवित्र नर्मदा जल लेकर अपनी धार्मिक यात्रा शुरू की। यात्रा में जबेरा विधानसभा क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु शामिल हुए।
यात्रा के शुभारंभ अवसर पर मध्य प्रदेश सरकार के संस्कृति और धार्मिक न्यास मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी भी शामिल हुए। वह अपनी पत्नी के साथ कांवड़ यात्रा में पहुंचे और श्रद्धालुओं का उत्साह बढ़ाया।
यात्रा शुरू होने से पहले मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने पंचवटी घाट पर नर्मदा नदी के पवित्र जल से भगवान शिव का रुद्राभिषेक किया। धार्मिक विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना करने के बाद कांवड़ यात्रा को रवाना किया गया।
श्रद्धालुओं ने हर-हर महादेव और भगवान शिव के जयकारों के साथ यात्रा की शुरुआत की। पूरे मार्ग में भक्तों के स्वागत के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। जगह-जगह श्रद्धालुओं के लिए भोजन, पानी और विश्राम की व्यवस्था भी की जा रही है।
कांवड़ यात्रा में शामिल भक्त नर्मदा जल को कांवड़ में लेकर पैदल यात्रा कर रहे हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, कांवड़ यात्रा के दौरान पवित्र जल भगवान शिव को अर्पित किया जाता है। इसी परंपरा को निभाते हुए श्रद्धालु जागेश्वर धाम पहुंचकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे।
आयोजकों के अनुसार, यात्रा का उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ-साथ लोगों में सामाजिक और सांस्कृतिक एकता का संदेश देना है। बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने से यात्रा का माहौल भक्तिमय हो गया है।
मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने कहा कि भगवान शिव के प्रति श्रद्धा और आस्था लोगों को जोड़ने का काम करती है। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा हमारी धार्मिक परंपराओं और संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
उन्होंने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की। साथ ही उन्होंने कहा कि ऐसी धार्मिक यात्राएं समाज में सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक भावना को मजबूत करती हैं।
प्रशासन की ओर से भी यात्रा को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। यात्रा मार्ग पर निगरानी रखी जा रही है ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
बरसात के मौसम को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं। रास्ते में चिकित्सा सुविधा और आपातकालीन सेवाओं की व्यवस्था भी रखी गई है।
जबलपुर और आसपास के क्षेत्रों में कांवड़ यात्रा को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बड़ी संख्या में ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के श्रद्धालु इस धार्मिक आयोजन का हिस्सा बन रहे हैं।
श्रद्धालुओं का कहना है कि भगवान शिव के प्रति उनकी आस्था उन्हें इतनी लंबी दूरी तय करने के लिए प्रेरित करती है। कई भक्त वर्षों से इस यात्रा में शामिल होते आ रहे हैं।
121 किलोमीटर लंबी यह यात्रा मध्य प्रदेश में आयोजित होने वाली प्रमुख धार्मिक यात्राओं में शामिल हो गई है। यात्रा के दौरान भक्त भक्ति गीतों और शिव भजनों के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
फिलहाल कांवड़ यात्रा अपने निर्धारित मार्ग पर आगे बढ़ रही है। 24 अगस्त को श्रद्धालु जागेश्वर धाम पहुंचकर नर्मदा जल से भगवान शिव का अभिषेक करेंगे और धार्मिक अनुष्ठान में भाग लेंगे।