Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: हिमाचल प्रदेश मौसम विभाग ने 24 अप्रैल से राज्य के कई जिलों में बर्फबारी और बारिश की संभावना जताई है और संबंधित क्षेत्रों के लिए येलो वॉर्निंग जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, ऊँचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी जबकि निचले पहाड़ी इलाकों में मध्यम से तेज बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, लाहौल-स्पीति, कुल्लू, चंबा और शिमला के ऊँचे क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना अधिक है। वहीं, सोलन, मंडी और कांगड़ा जैसे निचले इलाकों में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। येलो वॉर्निंग का मतलब है कि आम नागरिक सतर्क रहें और आवश्यक सावधानियां बरतें।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि मौसम की अनिश्चितताओं के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। उच्च-altitude पर्यटन स्थलों जैसे रोहतांग पास और स्पीति वैली में सड़कें अस्थायी रूप से बंद हो सकती हैं। वाहन चालक सुरक्षित ड्राइविंग प्रैक्टिस अपनाएं और बर्फ से ढके मार्गों पर स्नो चेन का उपयोग करें।
प्रभावित जिलों के स्कूल और स्थानीय प्रशासन संभावित व्यवधानों के लिए तैयार हैं। आपदा प्रबंधन और राहत सेवाएं सतर्क हैं और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल मदद प्रदान करने के लिए तैयार हैं। मौसम विभाग ने भारी बारिश और बर्फबारी के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की संभावना जताई है।
कृषकों के लिए भी मौसम चेतावनी जारी की गई है। अचानक मौसम परिवर्तन से फसलों पर असर पड़ सकता है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां वसंत के मौसम में खेती जारी है। कुल्लू और शिमला के फलदार बागों की सुरक्षा के लिए किसानों को उचित उपाय करने की सलाह दी गई है।
पर्यटन विभाग ने भी आगंतुकों के लिए चेतावनी जारी की है। उच्च-altitude पर्यटन स्थलों की यात्रा से पहले सड़क और मौसम की स्थिति की जांच आवश्यक है। ट्रेकिंग और पर्वतीय साहसिक गतिविधियों में संभावित व्यवधान हो सकते हैं। आयोजकों को अपनी योजनाओं में बदलाव करने या स्थगित करने की सलाह दी गई है।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह अप्रत्याशित बर्फबारी और बारिश पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के कारण हो रही है। हालांकि अप्रैल के अंत में ऐसे घटनाएं असामान्य हैं, पिछले वर्षों में कभी-कभी ऐसी परिस्थितियां देखी गई हैं। मई की शुरुआत तक मौसम सामान्य और गर्म होने की संभावना है।
कुल मिलाकर, हिमाचल प्रदेश में 24 अप्रैल से बर्फबारी और बारिश का अलर्ट जारी है। नागरिक, पर्यटक और प्रशासन सतर्क रहें और मौसम विभाग की सलाह का पालन करें ताकि किसी भी तरह की परेशानी या जोखिम से बचा जा सके।