Raigarh. रायगढ़। जिले के छाल थाना क्षेत्र में पुलिस ने SECL धरमखदान में ट्रांसफार्मर के पार्ट्स, केबल, पानी पंप के पार्ट्स और लोहे के पाइप चोरी के मामले का महज 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। छाल पुलिस ने मामले में छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से करीब 1.20 लाख रुपये कीमत का चोरी का सामान और वारदात में इस्तेमाल की गई तीन मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं। बरामद संपत्ति की कुल कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें रिमांड पर भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार, SECL छाल उपक्षेत्र के सुरक्षा प्रहरी दिलीप कुमार राठिया ने थाना छाल में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के मुताबिक 6 अगस्त 2026 की रात करीब 8 बजे से 11 बजे के बीच धरमखदान परिसर में लगे ट्रांसफार्मर के पार्ट्स, ट्रांसफार्मर केबल, पानी पंप के पार्ट्स और लोहे के पाइप चोरी हो गए थे। चोरी गए सामान की कीमत करीब 1 लाख 20 हजार रुपये आंकी गई थी। आरोपियों ने ट्रांसफार्मर को भी क्षतिग्रस्त कर दिया था।
शिकायत मिलने के बाद छाल थाना पुलिस ने अपराध क्रमांक 185/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी के मार्गदर्शन और एसडीओपी खरसिया सतीश भार्गव के सुपरविजन में पुलिस टीम सक्रिय हुई। थाना प्रभारी निरीक्षक नासिर खान ने तत्काल टीम गठित कर आरोपियों और चोरी गए सामान की तलाश शुरू कराई। जांच के दौरान पुलिस को मुखबिर से महत्वपूर्ण सूचना मिली। पुलिस को पता चला कि खेदापाली चौक के पास कुछ संदिग्ध व्यक्ति लोहे के पाइप, ट्रांसफार्मर केबल और अन्य लोहे का सामान बेचने के लिए ग्राहक की तलाश कर रहे हैं। सूचना की पुष्टि के बाद छाल पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की और छह संदिग्धों को पकड़ लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम दीपक पात्रो, शनिचराम अरमु, छतन धनवार, रूपभवन सिंह उइके, टुपाल सिंह मरावी और भारत सिंह मरकाम बताया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपियों ने 6 अगस्त की रात धरमखदान से ट्रांसफार्मर के पार्ट्स, केबल, पानी पंप की बॉडी और लोहे के पाइप चोरी करने की बात स्वीकार की। आरोपियों ने यह भी बताया कि चोरी के सामान को आपस में बांट लिया गया था। पूछताछ के आधार पर पुलिस ने चोरी के सामान को छिपाकर रखने की जगह का पता लगाया। आरोपियों ने चोरी की संपत्ति और वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिलों को चंद्रशेखरपुर एडू स्थित धरमखदान डम्पिंग यार्ड के पीछे मॉड नदी के किनारे छिपाकर रखना बताया था। इसके बाद पुलिस टीम ने आरोपियों की निशानदेही पर मौके पर पहुंचकर चोरी का सामान बरामद किया।
पुलिस के मुताबिक शनिचराम अरमु के कब्जे से लोहे के पाइप और ट्रांसफार्मर केबल वायर बरामद किए गए। दीपक पात्रो के कब्जे से भी लोहे के पाइप और ट्रांसफार्मर केबल वायर मिले। उसके पास से घटना में प्रयुक्त स्प्लेंडर मोटरसाइकिल क्रमांक CG-12-BW-2410 और आरीपत्ती ब्लेड भी जब्त किया गया। भारत सिंह मरकाम के कब्जे से लोहे के पाइप तथा बजाज CT-100 मोटरसाइकिल क्रमांक CG-12-2131 बरामद की गई। इसी तरह टुपाल सिंह मरावी के कब्जे से लोहे के पाइप और HF Deluxe मोटरसाइकिल क्रमांक CG-12-7419 जब्त की गई। रूपभवन सिंह उइके के कब्जे से पानी पंप की दो लोहे की बॉडी और छतन धनवार के कब्जे से ट्रांसफार्मर के दो एंगल बरामद किए गए। पुलिस ने चोरी के करीब 1.20 लाख रुपये के सामान के अलावा करीब 1.80 लाख रुपये कीमत की तीन मोटरसाइकिलें भी जब्त की हैं। इस तरह कुल करीब 3 लाख रुपये का मशरूका बरामद हुआ है।
पुलिस ने आरोपियों की भूमिका को देखते हुए मामले में संगठित अपराध से संबंधित धाराएं भी जोड़ी हैं। आरोपियों के मेमोरेंडम कथन और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 112(2) और 3(5) भी प्रकरण में जोड़ी गई हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद सभी छह को गिरफ्तार किया गया और न्यायालय में पेश कर रिमांड पर भेजा गया। गिरफ्तार आरोपियों में दीपक पात्रो निवासी राताखार वार्ड क्रमांक 03, थाना सिटी कोतवाली कोरबा, शनिचराम अरमु निवासी कांसामार थाना कटघोरा, भारत सिंह मरकाम, टुपाल सिंह मरावी और रूपभवन सिंह उइके निवासी पाथा थाना बांगो तथा छतन धनवार निवासी सराईपाली थाना बाल्को, जिला कोरबा शामिल हैं।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी छाल निरीक्षक नासिर खान के साथ प्रधान आरक्षक शंभु प्रसाद पाण्डेय, शंकर सिंह क्षत्रिय, अशोक देवांगन, आरक्षक राजेश राठौर, सुरेन्द्र बंशी और भगवती लक्ष्मे की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से चोरी के सामान की बरामदगी भी कम समय में हो गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि चोरी, संपत्ति संबंधी अपराध और संगठित अपराध में शामिल लोगों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस लगातार प्रभावी और त्वरित कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि आमजन और औद्योगिक संस्थानों की संपत्ति की सुरक्षा पुलिस की प्राथमिकता है। पुलिस टीमों को ऐसे मामलों में तेजी से आरोपियों की पतासाजी, गिरफ्तारी और चोरी की संपत्ति की बरामदगी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।