Raipur. रायपुर। राजधानी में आपसी विवाद और गाली-गलौज का मामला मंगलवार देर रात हिंसक रूप ले लिया। मामला पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के कुकुरबेडा गुरुद्वारा के पास का है, जहां एक महिला ने अपने पड़ोसी युवक पर गाली-गलौज, मारपीट और चाकू से हमला करने की कोशिश का आरोप लगाया है। पीड़िता ने घटना की शिकायत थाने में दर्ज कराई है। मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता घर पर ही रहती है और 18 अगस्त 2025 की रात करीब 8:40 बजे वह अपने घर के बाहर खड़ी थी। उसी दौरान उसके पिता तपेन्द्र टांडि भी वहीं मौजूद थे। इसी दौरान मोहल्ले का रहने वाला अमजद देवार वहां पहुंचा और किसी बात को लेकर पीड़िता के पिता को गालियां देने लगा। जब महिला ने आरोपी को ऐसा करने से रोका तो वह भड़क गया और उसने पीड़िता को देखकर मां-बहन की गंदी-गंदी गालियां देनी शुरू कर दीं।
पीड़िता का आरोप है कि अमजद देवार ने न केवल गाली-गलौज की बल्कि उसके साथ मारपीट भी की। आरोपी ने उसके गाल पर दो जोरदार तमाचे मारे, जिससे महिला को चोट आई और उसके गाल में सूजन व दर्द हो गया। इतना ही नहीं, आरोपी ने अपनी जेब से चाकू निकाल लिया और महिला पर जानलेवा हमला करने का प्रयास किया। हालांकि, स्थानीय लोगों की मौजूदगी के कारण बड़ी वारदात होने से टल गई। घटना को मोहल्ले के कई लोगों ने अपनी आंखों से देखा है। पीड़िता ने रिपोर्ट में बताया कि अमजद देवार की इस हरकत से वह काफी डर गई है और सहमी हुई महसूस कर रही है। गाली-गलौज और धमकी से उसका मानसिक संतुलन भी बिगड़ा है। उसने पुलिस से आरोपी के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
महिला की शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। थाना पुलिस का कहना है कि मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के आरोप गंभीर हैं। आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 294 (अश्लील गाली-गलौज), 323 (मारपीट), 506 (जान से मारने की धमकी) और 354 (महिला के साथ अभद्र व्यवहार) सहित अन्य धाराओं में अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की तलाश की जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। गौरतलब है कि रायपुर में पिछले कुछ महीनों से गली-मोहल्लों में विवादों और झगड़ों के मामलों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। कई मामलों में छोटी-मोटी कहासुनी के बाद विवाद मारपीट और हिंसा में बदल जाते हैं। पुलिस लगातार ऐसे मामलों पर सख्त कार्रवाई की बात कहती है ताकि असामाजिक तत्वों में खौफ बना रहे। पीड़िता का कहना है कि वह चाहती है कि आरोपी को सख्त सजा मिले ताकि मोहल्ले में उसकी दोबारा हिम्मत न हो और आम लोग सुरक्षित महसूस कर सकें।