Bilaspur. बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में पुलिस के कथित अमानवीय व्यवहार का मामला सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में नाराज़गी देखी जा रही है। आरोप है कि थाने में शिकायत लेकर पहुंची एक महिला के साथ पुलिसकर्मियों ने अभद्र व्यवहार किया और उसका मोबाइल फोन भी छीन लिया। इस घटना के बाद पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, पीड़ित महिला किसी शिकायत को लेकर सिविल लाइन थाना पहुंची थी। इसी दौरान वहां मौजूद पुलिसकर्मियों पर आरोप है कि उन्होंने उसके साथ अनुचित व्यवहार किया और उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया। घटना के बाद महिला वहां से परेशान होकर लौट गई। इसके बाद यह मामला स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया।
घटना सामने आने के बाद क्षेत्र में रहने वाले लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों में नाराज़गी देखी जा रही है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि अपनी समस्या लेकर थाने पहुंचने वाले लोगों, विशेषकर महिलाओं के साथ इस तरह का व्यवहार होगा तो आम जनता का पुलिस पर भरोसा कमजोर होगा। लोगों ने सवाल उठाया है कि जब पुलिस का काम जनता की सुरक्षा और सहायता करना है, तो ऐसे में इस तरह के व्यवहार की घटनाएं चिंताजनक हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं पुलिस और आम जनता के बीच दूरी बढ़ाती हैं। कई नागरिकों ने कहा कि पहले से ही लोग थाने जाने में संकोच करते हैं और ऐसे मामलों से यह दूरी और बढ़ सकती है। कुछ लोगों ने यह भी कहा कि पुलिस को जनता के प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाना चाहिए, ताकि विश्वास कायम रह सके।
घटना के बाद सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर भी पुलिस की कार्यशैली को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। लोगों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है और जिम्मेदार पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की बात कही है। हालांकि इस पूरे मामले में अब तक पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। न ही यह स्पष्ट किया गया है कि वास्तव में थाने में क्या परिस्थितियां थीं और महिला के साथ किस आधार पर व्यवहार किया गया।