महुआ (वैशाली)। बिहार के वैशाली जिले के महुआ थाना क्षेत्र से एक बेहद हैरान और परेशान करने वाली खबर सामने आई है। यहाँ कन्हौली स्थित एक प्रतिष्ठित निजी विद्यालय के हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करने वाले दो छात्र शुक्रवार की सुबह रहस्यमय परिस्थितियों में अचानक लापता हो गए। दोनों छात्रों के एक साथ इस तरह गायब होने की खबर फैलते ही हॉस्टल प्रबंधन, स्कूल प्रशासन और परिजनों में हड़कंप मच गया है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे किसी अनहोनी की आशंका से ग्रसित हैं। स्थानीय स्तर पर काफी खोजबीन के बाद भी जब दोनों का कोई सुराग नहीं मिला, तो मामले की जानकारी पुलिस को दी गई है।
सुबह-सुबह अचानक गायब हुए दोनों छात्र
मिली जानकारी के अनुसार, महुआ थाना क्षेत्र के कन्हौली में संचालित एक निजी स्कूल के हॉस्टल में कई जिलों के छात्र रहकर पढ़ाई करते हैं। शुक्रवार की सुबह रोज की तरह हॉस्टल में गतिविधियां शुरू हुईं, लेकिन थोड़ी ही देर बाद दो छात्र अपने कमरों से गायब पाए गए। जब काफी देर तक वे हॉस्टल परिसर में कहीं दिखाई नहीं दिए, तो वॉर्डन और हॉस्टल संचालक को चिंता हुई। इसके बाद हॉस्टल के अन्य छात्रों से पूछताछ की गई, लेकिन किसी को भी उनके जाने या गायब होने के संबंध में कोई भनक नहीं थी।
मुजफ्फरपुर और समस्तीपुर के रहने वाले हैं छात्र
लापता हुए दोनों छात्र बिहार के अलग-अलग जिलों के रहने वाले हैं और महुआ में रहकर अपनी शिक्षा पूरी कर रहे थे। गायब छात्रों की पहचान निम्नलिखित रूप में की गई है:
शुभम कुमार झा: पिता श्रीराम झा, निवासी— छेत्रपटी, थाना— बरूराज, जिला— मुजफ्फरपुर।
आकाश कुमार: पिता अविनाश कुमार बादल सिंह (प्रमुख, हिंदू पुत्र संगठन), निवासी— पंजाबी कॉलोनी (गली नंबर-1), जिला— समस्तीपुर।
हॉस्टल प्रबंधन ने घटना की गंभीरता को देखते हुए तुरंत दोनों छात्रों के परिजनों को फोन पर इसकी सूचना दी। बच्चों के अचानक गायब होने की खबर सुनते ही दोनों परिवारों के पैरों तले जमीन खिसक गई और वे तुरंत महुआ के लिए रवाना हो गए।
12 घंटे की मैराथन खोजबीन भी रही नाकाम
छात्रों के परिजनों के महुआ पहुँचने के बाद हॉस्टल संचालक, स्थानीय ग्रामीणों और रिश्तेदारों ने मिलकर दोनों लड़कों की संभावित ठिकानों पर तलाश शुरू की। महुआ बाजार, बस स्टैंड, ऑटो स्टैंड और आसपास के रिहायशी इलाकों में करीब 12 घंटे तक लगातार खोजबीन की गई। सोशल मीडिया पर भी उनकी तस्वीरें साझा की गईं, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद दोनों छात्रों का कहीं कोई सुराग नहीं मिल सका। समय बीतने के साथ ही परिजनों की चिंता और गहरी होती जा रही है।
पुलिस का बयान: लिखित शिकायत मिलते ही शुरू होगी तलाश
इस पूरे मामले पर जब महुआ के थानाध्यक्ष अरविंद प्रसाद से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि घटना की मौखिक चर्चा उनके संज्ञान में आई है, लेकिन शुक्रवार की शाम तक पुलिस को इस संबंध में कोई लिखित या आधिकारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई थी। थानाध्यक्ष ने आश्वस्त किया कि जैसे ही परिजनों या हॉस्टल प्रबंधन की ओर से लिखित आवेदन (प्राथमिकी) दिया जाता है, पुलिस तुरंत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर देगी। छात्रों की बरामदगी के लिए आसपास के सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के फुटेज खंगालने और तकनीकी अनुसंधान की मदद ली जाएगी। फिलहाल इस रहस्यमय गुमशुदगी को लेकर पूरे इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं।