Yoga Tips: अगर आप सिर दर्द से राहत के लिए दवा लेते हैं तो यह अस्थायी राहत देता है लेकिन माइग्रेन का स्थायी समाधान नहीं होता है। योग जिसे हमारी परंपरा ने सदियों पहले अपनाया, माइग्रेन के मूल कारण तनाव, रक्त संचार और मानसिक थकावट पर सीधा काम करता है।अगर सच में चाहते हैं कि मम्मी दर्द से मुक्त रहें, तो उन्हें दो योगासन आज से ही सिखाएं। योग धीमा है, लेकिन असरदार और इसका फायदा लंबे समय तक रहता है।
योग दवाओं की तरह दर्द दबाता नहीं, बल्कि शरीर को सिखाता है कि खुद को कैसे ठीक करना है। नियमित अभ्यास से मम्मी न सिर्फ माइग्रेन से राहत पाएंगी, बल्कि नींद, मूड और ऊर्जा स्तर में भी सुधार महसूस करेंगी।
बालासन
बालासन माइग्रेन के लिए सबसे प्रभावी और सुरक्षित आसन माना जाता है। यह गर्दन, कंधों और सिर में जमी जकड़न को खोलता है और दिमाग को गहरी शांति देता है। घुटनों के बल बैठकर शरीर को आगे की ओर झुकाएं, माथा जमीन से लगाएं और हाथ आगे फैला दें। आंखें बंद कर 2–3 मिनट गहरी सांस लें। यह आसन तनाव कम होता है, रक्त संचार सुधरता है और सिरदर्द धीरे-धीरे हल्का पड़ता है।
अनुलोम–विलोम प्राणायाम
माइग्रेन का बड़ा कारण अनियमित श्वसन और मानसिक असंतुलन होता है। अनुलोम–विलोम नर्वस सिस्टम को संतुलित करता है। दाहिनी नासिका बंद कर बाईं से सांस लें, फिर बाईं बंद कर दाईं से छोड़ें। 7–10 मिनट तक करें। इसके अभ्यास से सिर में ऑक्सीजन सप्लाई बेहतर होती है, बेचैनी कम होती है और माइग्रेन के अटैक की फ्रीक्वेंसी घटती है।