Lifestyle लाइफ स्टाइल : बारिश का मौसम शुरू होते ही मच्छरों का आतंक बढ़ जाता है, लेकिन कई लोगों ने यह बात जरूर महसूस की होगी कि कुछ लोगों को मच्छर दूसरों की तुलना में ज्यादा काटते हैं। अक्सर इसे लोग मजाक में ले लेते हैं, लेकिन इसके पीछे एक वैज्ञानिक कारण मौजूद है। मच्छर हर किसी को एक समान तरीके से नहीं काटते, बल्कि कुछ खास संकेतों के आधार पर वे अपने लक्ष्य को चुनते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, मच्छर इंसानों को पहचानने के लिए मुख्य रूप से कार्बन डाइऑक्साइड, शरीर की गर्मी और नमी का उपयोग करते हैं। जब कोई व्यक्ति सांस लेता है, तो उसके शरीर से कार्बन डाइऑक्साइड निकलती है, जो मच्छरों को दूर से ही आकर्षित कर सकती है। यही कारण है कि जिन लोगों की सांस तेज चलती है या जो शारीरिक गतिविधि में लगे होते हैं, उन्हें मच्छर ज्यादा परेशान करते हैं।
इसके अलावा शरीर का तापमान भी एक बड़ा कारण है। जिन लोगों के शरीर का तापमान थोड़ा अधिक होता है, वे मच्छरों के लिए अधिक आकर्षक बन जाते हैं। पसीना भी इस प्रक्रिया में अहम भूमिका निभाता है। पसीने में मौजूद लैक्टिक एसिड और अन्य रसायन मच्छरों को आकर्षित करते हैं, जिससे वे ऐसे व्यक्तियों की ओर ज्यादा खिंचते हैं।
पार्क, जिम या बाहर एक्सरसाइज करते समय मच्छरों की मौजूदगी और भी बढ़ जाती है। इसका कारण यह है कि इस दौरान व्यक्ति की सांस तेज हो जाती है, शरीर से अधिक कार्बन डाइऑक्साइड निकलती है और पसीना भी अधिक आता है। यह पूरा कॉम्बिनेशन मच्छरों के लिए एक तरह का संकेत बन जाता है कि उनका ‘टारगेट’ पास में है।
कुछ शोधों में यह भी पाया गया है कि शरीर की गंध, त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया और यहां तक कि ब्लड ग्रुप भी मच्छरों की पसंद को प्रभावित कर सकता है। हालांकि मुख्य रूप से कार्बन डाइऑक्साइड, गर्मी और पसीना ही सबसे बड़े कारण माने जाते हैं।
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि मच्छरों से बचने के लिए शरीर को साफ रखना, पसीना नियंत्रित करना और पूरी बाजू के कपड़े पहनना मददगार हो सकता है। इसके साथ ही मच्छरदानी और रिपेलेंट का उपयोग भी सुरक्षा प्रदान करता है।
बारिश के मौसम में मच्छरों की संख्या तेजी से बढ़ जाती है, ऐसे में सावधानी और साफ-सफाई और भी जरूरी हो जाती है। घर के आसपास पानी जमा न होने देना भी मच्छरों के प्रजनन को रोकने में मदद करता है।