
वर्ल्ड | इटली में 40 साल बाद बड़ा कानूनी सुधार हुआ है। देश की सुप्रीम कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए अविवाहित व्यक्तियों को विदेशी बच्चों को गोद लेने की अनुमति दे दी है। इससे पहले, इटली में केवल विवाहित जोड़े ही अंतरराष्ट्रीय गोद लेने की प्रक्रिया में शामिल हो सकते थे।
"सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक आदेश"
इटली की सर्वोच्च अदालत ने अपने फैसले में कहा कि अविवाहित व्यक्ति भी सक्षम अभिभावक हो सकते हैं और बच्चों को सुरक्षित व प्यार भरा जीवन दे सकते हैं। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि यह निर्णय बच्चे के सर्वोत्तम हितों को ध्यान में रखकर लिया गया है।
"40 साल पुराना कानून बदला"
1980 के दशक में बनाए गए कानून के तहत, इटली में केवल शादीशुदा जोड़ों को विदेशी बच्चों को गोद लेने की अनुमति थी। लेकिन समय के साथ बदली सामाजिक संरचना और समान अधिकारों की मांग को देखते हुए यह बदलाव किया गया है।
"नए नियमों से क्या बदलेगा?"
इस फैसले से उन अविवाहित लोगों को लाभ मिलेगा जो माता-पिता बनना चाहते हैं लेकिन कानूनी बाधाओं के कारण ऐसा नहीं कर पा रहे थे। इसके अलावा, दुनियाभर के अनाथ बच्चों को अब इटली में स्थिर और सुरक्षित परिवार मिल सकेंगे।
"यूरोप में बढ़ती स्वीकार्यता"
इटली ने यह फैसला ऐसे समय में लिया है जब कई यूरोपीय देश पहले ही अविवाहित व्यक्तियों को गोद लेने की अनुमति दे चुके हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम इटली में परिवार की परिभाषा को और व्यापक बनाएगा।





