IND vs AFG 1st ODI: बारिश से प्रभावित मैच में भारत ने अफगानिस्तान को 195 रन पर रोका, डेब्यूटेंट्स का धमाल

IND vs AFG 1st ODI: धर्मशाला में खेले जा रहे भारत और अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज के पहले मुकाबले में बारिश ने लगातार खेल को प्रभावित किया, लेकिन इसके बावजूद दर्शकों को एक रोमांचक और हाई-स्कोरिंग मुकाबला देखने को मिला। बारिश के चलते यह मैच 50 ओवर से घटाकर 25-25 ओवर का कर दिया गया, जिससे हर ओवर का महत्व और बढ़ गया।
बारिश के कारण टॉस में करीब 3 घंटे 45 मिनट की देरी हुई। देरी के बाद अंततः मैच शुरू हुआ, जहां अफगानिस्तान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया। शुरुआती हालात को देखते हुए यह फैसला जोखिम भरा साबित हुआ क्योंकि भारतीय गेंदबाजों ने शुरुआत से ही आक्रामक गेंदबाजी की। India national cricket team की ओर से गेंदबाजी आक्रमण की शुरुआत तेज और सटीक रही। टीम इंडिया ने इस मैच में दो डेब्यूटेंट खिलाड़ियों—गुरनूर बरार और हर्ष दुबे—को मौका दिया और दोनों ने शानदार प्रदर्शन किया।
गुरनूर बरार ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत ही शानदार अंदाज में की। उन्होंने दूसरे ओवर में ही अफगानिस्तान के सलामी बल्लेबाज इब्राहिम जादरान को मात्र 1 रन पर आउट कर दिया। गेंद स्विंग होकर आई और बल्लेबाज ने बड़ा शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद का किनारा लेकर आसान कैच में बदल गई। यह भारत के लिए शुरुआती बड़ी सफलता थी।
इसके बाद अर्शदीप सिंह ने लगातार दबाव बनाए रखा। उन्होंने तीसरे ओवर में सेदिकुल्लाह अटल को शून्य पर LBW आउट किया और फिर पांचवें ओवर में रहमत शाह को भी 4 रन पर पवेलियन भेज दिया। इस तरह अफगानिस्तान ने पावरप्ले में ही तीन विकेट खो दिए और स्कोरबोर्ड पर दबाव बढ़ गया। पावरप्ले के पांच ओवरों में अफगानिस्तान केवल 27 रन ही जोड़ पाया।
शुरुआती झटकों के बाद अफगानिस्तान की पारी लड़खड़ा रही थी, लेकिन इसके बाद रहमानुल्लाह गुरबाज ने मोर्चा संभाला और एक ऐतिहासिक पारी खेली। गुरबाज ने भारतीय गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया और ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की। उन्होंने सिर्फ 51 गेंदों में शतक पूरा किया, जिसमें 8 चौके और 8 छक्के शामिल रहे। यह अफगानिस्तान क्रिकेट इतिहास का सबसे तेज वनडे शतक बन गया।
गुरबाज ने 48 गेंदों में अपना शतक पूरा किया और भारतीय गेंदबाजों पर पूरी तरह दबाव बना दिया। उन्होंने कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी के साथ चौथे विकेट के लिए 116 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी भी की, जिससे अफगानिस्तान की पारी को कुछ स्थिरता मिली।
हालांकि, भारतीय टीम ने बीच के ओवरों में शानदार वापसी की। नीतीश कुमार रेड्डी ने 16वें ओवर में गुरबाज को बोल्ड कर इस विस्फोटक पारी का अंत किया। गुरबाज 102 रन बनाकर आउट हुए और उनकी पारी ने अफगानिस्तान को एक मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
इसके बाद हर्ष दुबे ने भी प्रभावशाली गेंदबाजी की। उन्होंने 17वें ओवर में कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी को 27 रन पर आउट कर भारत को पांचवां विकेट दिलाया। शाहिदी ने 30 गेंदों में 27 रन बनाए और तीन चौके लगाए।
हर्ष दुबे ने यहीं नहीं रुकते हुए आगे भी प्रभावी गेंदबाजी जारी रखी। उन्होंने 22वें ओवर में अजमतुल्लाह उमरजई को 16 गेंदों में 26 रन पर आउट किया और साथ ही अल्लाह गजनफर को बिना खाता खोले पवेलियन भेज दिया।
गुरनूर बरार ने भी अपने स्पेल में प्रभावशाली प्रदर्शन किया। उन्होंने 25वें ओवर में राशिद खान और जिया उर रहमान शरीफी को आउट कर अफगानिस्तान की पारी को पूरी तरह समेटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। राशिद खान 13 गेंदों में 9 रन बना सके, जबकि शरीफी 4 रन पर आउट हुए।
अफगानिस्तान की पूरी टीम 24.5 ओवर में 194 रन पर सिमट गई। बारिश के कारण मैच 25-25 ओवर का था, इसलिए भारत के सामने 195 रनों का लक्ष्य रखा गया है।
अफगानिस्तान की ओर से हम्मद सलीम सफी एक रन बनाकर नाबाद रहे। टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही और लगातार विकेट गिरने से बड़ा स्कोर बनाने का मौका हाथ से निकल गया।
भारतीय गेंदबाजों का प्रदर्शन बेहद संतुलित और आक्रामक रहा। डेब्यूटेंट हर्ष दुबे और गुरनूर बरार ने तीन-तीन विकेट झटककर सबका ध्यान खींचा। वहीं अर्शदीप सिंह और नीतीश कुमार रेड्डी ने दो-दो विकेट लेकर अफगानिस्तान की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी।
अब मुकाबला पूरी तरह भारत के हाथ में नजर आ रहा है। हालांकि 25 ओवर के छोटे लक्ष्य में कोई भी गलती मैच को पलट सकती है, लेकिन भारतीय टीम मजबूत स्थिति में है। फैंस अब इस बात का इंतजार कर रहे हैं कि क्या भारत इस लक्ष्य को आसानी से हासिल करेगा या अफगानिस्तान गेंदबाजी से वापसी करेगा।





