- Home
- /
- अन्य खबरें
- /
- धर्म-अध्यात्म
- /
- धर्म: शनि साढ़े साती...
धर्म-अध्यात्म
धर्म: शनि साढ़े साती से परेशान हैं तो पढ़ें ये व्रत कथा, बच जाएंगे इसके बुरे प्रभावों से
Sarita
29 March 2025 9:54 AM IST

x
धर्म: सप्ताह का हर दिन किसी न किसी देवी देवता की पूजा को समर्पित होता है वही शनिवार का दिन भगवान श्री शनिदेव की पूजा अर्चना को समर्पित होता है इस दिन भक्त प्रभु की विधिवत पूजा करते हैं और व्रत आदि भी रखते हैं मान्यता है कि ऐसा करने से शनि महाराज का आशीर्वाद मिलता है लेकिन इसी के साथ ही अगर आज शनिवार के दिन पूजा के दौरान शनि और हनुमान जी से जुड़ी पौराणिक कथा का पाठ किया जाए तो शनि के साथ साथ हनुमान जी भी शीघ्र प्रसन्न होकर अपनी कृपा करते हैं और सभी दुख परेशानियों को हर लेते हैं तो आज हम आपके लिए लेकर आए हैं शनिदेव से जुड़ी कथा।
शनिदेव से जुड़ी पौराणिक कथा
पौराणिक कथा के अनुसार प्राचीन समय में शनिदेव को अपनी शक्ति पर घमंड हो गया था. जब उन्हें मालुम हुआ कि हनुमानजी भी बहुत शक्तिशाली हैं तो शनिदेव उनसे युद्ध करने पहुंच गए. शनिदेव ने हनुमानजी को ललकारा. उस समय वे अपने आराध्य प्रभु श्रीराम का ध्यान कर रहे थे.हनुमानजी भी क्रोधित हो गए|
हनुमानजी ने शनि को लौट जाने के लिए कहा लेकिन शनि युद्ध के लिए बार-बार उन्हें ललकार रहे थे. हनुमानजी भी क्रोधित हो गए और युद्ध के लिए तैयार हो गए. दोनों के बीच युद्ध शुरू हो गया. हनुमानजी ने शनिदेव पर ऐसे प्रहार किएए जिनसे वे बच नहीं सके और घायल हो गए. इसके बाद शनि ने क्षमा याचना की. हनुमानजी ने क्षमा किया और घावों पर लगाने के लिए तेल दिया. तेल लगाते ही शनि के घाव ठीक हो और दर्द खत्म हो गया. शनि ने हनुमानजी से कहा अब जो भी भक्त आपकी पूजा करेंगे उन्हें शनि के दोष का सामना नहीं करना पड़ेगा. तभी से शनि के साथ ही हनुमानजी की पूजा करने की परंपरा शुरू हो गई|
एक अन्य कथा के मुताबिक शनि को रावण की कैद से हनुमान जी ने निकाला था ऐसे में शनि कैद में मिले घावों से शनिदेव को दर्द का अहसास हो रहा था. इसे देखते हुए हनुमानजी ने शनिदेव को घावों पर लगाने के लिए तेल दिया. तेल लगाते ही शनि के घाव ठीक हो और दर्द खत्म हो गया. शनि ने हनुमानजी से कहा अब जो भी भक्त आपकी पूजा करेंगे उन्हें शनि के दोष का सामना नहीं करना पड़ेगा. तभी से शनि के साथ ही हनुमानजी की पूजा करने की परंपरा शुरू हो गई|
Tagsधर्मशनिसाढ़े सातीपरेशानव्रत कथाReligionShaniSade SatiTroubledVrat Kathaजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperजनताjantasamachar newssamacharहिंन्दी समाचार
Next Story





