भारत

मंडी में मानसून ने दी आधी-अधूरी सौगात, 23 फीसदी कम बारिश

Shantanu Roy
1 Aug 2026 4:27 PM IST
मंडी में मानसून ने दी आधी-अधूरी सौगात, 23 फीसदी कम बारिश
x
Market. मंडी। मंडी जिला में मानसून कुछ अलग ही रंग दिखा रहा है। जून की शुरुआत से अब तक मंडी में जितनी बारिश होनी चाहिए थी, उसका सिर्फ तीन-चौथाई हिस्सा ही बरसा है। भारतीय मौसम विभाग के आंकड़े साफ कहते हैं कि मंडी में अभी तक 543.2 मिलीमीटर बारिश होने चाहिए थी, लेकिन अभी तक मात्र 418.6 मिलीमीटर ही बारिश हुई है। मंडी से भरी बरसात में मेघ रूठे हुए हैं और अभी 23 फीसदी कम बारिश हुई है। जून महीने में सिर्फ 115 मिलीमीटर बरसात हुई है, जबकि औसतन 171.5 मिलीमीटर बारिश होती है। जून महीने में मेघ 33 प्रतिशत तक कम बरसे हैं। जुलाई में बारिश ने जरूर रफ्तार पकड़ी है। मंडी में जुलाई महीने में 308.7 मिलीमीटर पानी बरसा है, लेकिन यह भी नॉर्मल 371.7 मिलीमीटर से 17 प्रतिशत कम ही है।
वहीं दूसरी ओर मंडी के पंडोह, संधोल, गोहर, बलद्वाड़ा, कटौला और जोगिंदरनगर जैसे इलाकों में कुछ दिनों में अच्छी-खासी बौछारें पड़ीं। इन क्षेत्रों में सामान्य बरसात हो रही है। कभी 40 से 70 मिलीमीटर का हिसाब भी चला। पूरे मानसून सीजन में मंडी में करीब 1100 मिलीमीटर बारिश होती है। इसके विपरीत अभी 418.6 मिलीमीटर ही बारिश हुई है। मानसून अगस्त में भी जारी रहेगा और इस माह में अच्छी बारिश की उम्मीद की जा रही है। मंडी डीसी अपूर्व देवगन ने कहा है कि बरसात में प्रशासन अलर्ट है। सरकारी मशीनरी संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात की गई है। सरकारी अधिकारी और कर्मचारी हर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। मंडी जिला में बेशक बारिश कम हुई है लेकिन चेतावनियों का दौर नहीं थमा है। जुलाई में ही मंडी में बारिश का रेड अलर्ट तक जारी किया गया था। भारी बारिश की आशंका के बीच स्कूल बंद कराए गए। जुलाई की शुरुआत और अंत में ऑरेंज अलर्ट में भी मेघ कम ही बरसे हैं। यलो अलर्ट तो जैसे रोज का हिस्सा बन गया।
Next Story