राजस्थान

Rajasthan: अवैध खनन माफिया ने वन विभाग की टीम पर किया हमला

Sarita
5 March 2025 10:21 AM IST
Rajasthan: अवैध खनन माफिया ने वन विभाग की टीम पर किया हमला
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Rajasthan राजस्थान: अवैध पेड़ कटाई और मिट्टी खनन रोकने गई वन विभाग की टीम पर दो दर्जन से अधिक खननकर्ताओं ने हमला कर दिया। इस हमले में रेंजर समेत 6 कर्मचारी घायल हो गए, जिनका जिला अस्पताल में उपचार कराया गया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ नामजद मामला दर्ज कर लिया है। जिले के वन क्षेत्र में इन दिनों अवैध पेड़ कटाई और अवैध खनन का काम जारी है। इसे रोकने के लिए वन विभाग के कर्मचारियों के प्रयास उनकी जान पर बन रहे हैं। ऐसा ही एक मामला बूंदी जिले के मायजा नाका से सामने आया है, जहां अवैध पेड़ कटाई और मिट्टी खनन रोकने गई वन विभाग की टीम पर 2 दर्जन से अधिक अवैध खननकर्ताओं ने हथियारों और लाठियों से हमला कर दिया।
हमले में वन विभाग के रेंजर समेत 6 कर्मचारी घायल हो गए, जिनका पुलिस ने जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार और मेडिकल कराया। कर्मचारी की रिपोर्ट पर आठ नामजद समेत 10-12 अन्य के खिलाफ राजकार्य में बाधा समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
मामले की सूचना मिलने पर रायथल पुलिस भी मौके पर पहुंची और घायल वनकर्मियों के बयान लेकर हमलावरों के खिलाफ राजकार्य में बाधा व अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया। राजस्थान के राजसमंद जिले में रेंजर की हत्या के बाद बूंदी में वन विभाग की टीम पर हुए हमले से वन विभाग में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। गश्त के दौरान रेंजर व वनकर्मियों पर हमला डीएफओ देवेंद्र भाटी ने बताया कि बूंदी के क्षेत्रीय वन अधिकारी अपनी टीम के साथ गश्त पर गए थे, जहां वन क्षेत्र में अवैध रूप से काम कर रही एक जेसीबी, दो ट्रैक्टर व एक चॉपिंग मशीन को जब्त करने की कार्रवाई की गई। इसके बाद जब्त संसाधनों को लेकर वनकर्मी बूंदी के लिए रवाना हो गए।
इसी दौरान दो दर्जन खननकारियों ने वनकर्मियों को घेर लिया और मारपीट शुरू कर दी। ग्रामीणों ने वनकर्मियों पर लाठी-डंडों व पत्थरों से हमला कर दिया, जिससे सभी वनकर्मियों को चोटें आई हैं। घटना में एक वनकर्मी का हाथ टूट गया, हमलावरों ने सरकारी वाहन को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। घायल वनकर्मियों को बूंदी के सामान्य चिकित्सालय में प्राथमिक उपचार व चिकित्सा दी गई है। वन खंड रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व के कोर एरिया से विस्थापित गांवों को बसाने की योजना है। लोग यहां से चोरी-छिपे विदेशी बबूल की लकड़ी बनाकर बेच रहे हैं। इन दिनों जिले में कई स्थानों पर विदेशी बबूल की कटाई कर बेचने का काम चल रहा है।
वनकर्मियों पर हमले के मामले में रायथल थाना पुलिस ने 8 नामजद व 10 से 12 अन्य लोगों के खिलाफ राजकार्य में बाधा डालने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, हथियारों के बल पर जब्त वाहनों को छुड़ाने समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। थाना प्रभारी राजाराम ने बताया कि हमले में घायल वनकर्मियों का मेडिकल कराया गया है और मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश की जा रही है। बूंदी जिले के कापरेन, केशोरायपाटन, लाखेरी, मायजा क्षेत्र में विदेशी बबूल के पेड़ बड़ी संख्या में होने के कारण खनन माफिया यहां के जंगलों को बहुत तेजी से साफ कर रहे हैं और लकड़ी काटने वाली मशीन में पेड़ों को काटकर अवैध खनन किया जा रहा है। यही कारण था कि जब वन विभाग की टीम इन माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची तो माफियाओं ने टीम पर हमला कर दिया।
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