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Yoga : खराब लाइफस्टाइल और स्क्रीन टाइम बढ़ने की वजह से, बहुत से लोगों को कमर के निचले हिस्से, कंधों और ऊपरी पीठ में दर्द होता है। लोग इस दर्द से राहत पाने के लिए दवाएं लेते हैं, लेकिन इनसे सिर्फ़ कुछ समय के लिए आराम मिलता है, जबकि योग रीढ़ की हड्डी को अंदर से मज़बूत बनाता है। यहाँ 5 योगा पोज़ दिए गए हैं जो सुरक्षित हैं और रेगुलर प्रैक्टिस से रीढ़ की हड्डी को स्वस्थ रखते हैं।
ज़्यादा फ़ायदे के लिए योग खाली पेट या हल्के पेट करें। अगर दर्द हो तो खुद पर ज़ोर न डालें। रेगुलर करना ज़रूरी है। रोज़ 15-20 मिनट योग करना काफ़ी है। रीढ़ की हड्डी की सेहत न तो रातों-रात खराब होती है और न ही रातों-रात ठीक होती है। योग धीरे-धीरे, लेकिन हमेशा के लिए, इसकी सेहत को ठीक करता है।
ताड़ासन:
ताड़ासन का अभ्यास रीढ़ को सीधा रखने की आदत बनाता है।
यह आसन शरीर को सही अलाइनमेंट सिखाता है।
इसका अभ्यास रीढ़ को लंबा और सीधा करता है।
पॉश्चर में सुधार लाता है।
कमर और घुटनों पर दबाव घटाता है।
कैसे करें?
अभ्यास के लिए सीधे खड़े होकर हाथ ऊपर उठाएं और एड़ियों पर शरीर का वजन लें।
भुजंगासन:
कमर दर्द का प्राकृतिक इलाज भुजंगासन का नियमित अभ्यास है।
लंबे समय तक बैठने से जकड़ी रीढ़ के लिए यह अमृत समान है।
भुजंगासन के अभ्यास से लोअर बैक को मज़बूती मिलती है।
स्लिप डिस्क की शुरुआती समस्या को रोकने में यह आसन सहायक है।
रीढ़ में लचीलापन बढ़ाता है।
कैसे करें?
भुजंगासन के अभ्यास के लिए पेट के बल लेटकर छाती ऊपर उठाएं और नाभि ज़मीन से टिकाए रखें।
यह आसन रीढ़ को धीरे-धीरे खोलता और ढीला करता है।
ये गर्दन से कमर तक तनाव कम करता है।
स्पाइन की मूवमेंट बेहतर बनाता है।
सुबह जकड़न में राहत देता है।
कैसे करें?
चारों हाथ-पैरों पर आकर सांस के साथ रीढ़ को ऊपर-नीचे करें।
अधोमुख श्वानासन:
यह आसन शरीर को उल्टे ‘V’ आकार में लाकर रीढ़ को लंबा करता है।
इसका अभ्यास रीढ़ और हैमस्ट्रिंग में स्ट्रेच लाता है।
गर्दन व कंधों का तनाव घटाता है।
रक्तसंचार बेहतर करता है।
कैसे करें?
हाथ-पैर ज़मीन पर टिकाकर कूल्हे ऊपर उठाएं, एड़ियां नीचे की ओर रखें।
सेतुबंधासन :
ये आसन रीढ़ को मजबूती और संतुलन देता है।
सेतुबंधासन पीठ की मांसपेशियों को सहारा देता है।
लोअर बैक और हिप्स मज़बूत करता है।
स्पाइन को सपोर्ट करता है।
लंबे समय बैठने से हुई थकान दूर करता है।
पीठ के बल लेटकर घुटने मोड़ें, कूल्हे ऊपर उठाएं, 20–30 सेकंड रुकें।
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