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maida की जगह गेहूं के आटे से बनेंगे हेल्दी और फूले-फूले भटूरे

New Delhi नई दिल्ली : गरमा-गरम छोले-भटूरे का कॉम्बिनेशन भारतीय खाने में बेहद लोकप्रिय है। खासकर जब यह घर के बने भटूरों के साथ परोसा जाए, तो इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है। आमतौर पर भटूरे मैदे से बनाए जाते हैं, लेकिन आजकल हेल्दी लाइफस्टाइल को देखते हुए लोग इसके विकल्प भी तलाश रहे हैं।
विशेषज्ञों और घरेलू कुकिंग टिप्स के अनुसार मैदे की जगह गेहूं के आटे का उपयोग कर भी स्वादिष्ट और फूले-फूले भटूरे बनाए जा सकते हैं। यह विकल्प खासकर उन लोगों के लिए बेहतर माना जाता है जो मैदा से परहेज करते हैं या जिनके घर में छोटे बच्चे हैं।
हालांकि गेहूं के आटे से बने भटूरे सुनने में थोड़ा अलग लग सकते हैं, लेकिन सही तरीके और तैयारी से ये उतने ही स्वादिष्ट और नरम बनते हैं जितने मैदे वाले भटूरे। सही मात्रा में आटा गूंथना और उसे पर्याप्त समय तक फर्मेंट होने देना इसकी सबसे अहम प्रक्रिया मानी जाती है।
किचन एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर आटे में दही और हल्का सा तेल मिलाकर अच्छे से गूंथा जाए और उसे कुछ समय के लिए ढककर रखा जाए, तो भटूरे और भी ज्यादा फूले हुए बनते हैं। इसके अलावा तलते समय तेल का सही तापमान बनाए रखना भी जरूरी है, ताकि भटूरे कुरकुरे और सॉफ्ट दोनों बन सकें।
आजकल लोग हेल्दी खाने की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं, ऐसे में मैदे की जगह गेहूं के आटे का इस्तेमाल एक अच्छा विकल्प माना जा रहा है। इससे न केवल सेहत को फायदा मिलता है बल्कि स्वाद में भी कोई खास कमी नहीं आती।
विशेषज्ञों का मानना है कि छोटे-छोटे बदलाव करके पारंपरिक व्यंजनों को भी हेल्दी बनाया जा सकता है। छोले-भटूरे जैसे पसंदीदा खाने को अगर सही तरीके से तैयार किया जाए, तो यह स्वाद और सेहत दोनों का संतुलन बनाए रख सकता है।





