गणेश विसर्जन के दौरान थाना गेट पर पथराव, थानाध्यक्ष समेत 6 पुलिसकर्मी घायल
झाझा थाना गेट पर पथराव
जमुई: बिहार के जमुई जिले के झाझा थाना क्षेत्र में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान जमकर बवाल हो गया। झाझा थाना गेट के पास कुछ उपद्रवियों ने कथित तौर पर पथराव कर दिया। घटना में झाझा थानाध्यक्ष समेत छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। अचानक हुए पथराव से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए पांच लोगों को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
गणेश प्रतिमा विसर्जन को लेकर जुलूस निकाला गया था। जुलूस के दौरान बड़ी संख्या में लोग शामिल थे। जब विसर्जन जुलूस झाझा थाना गेट के आसपास पहुंचा तो किसी बात को लेकर विवाद की स्थिति बन गई। देखते ही देखते मामला बढ़ गया और भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने पथराव शुरू कर दिया। पुलिसकर्मियों ने लोगों को शांत कराने और स्थिति को संभालने की कोशिश की।
पथराव के दौरान झाझा थानाध्यक्ष सहित छह पुलिसकर्मियों को चोटें आईं। घायल पुलिसकर्मियों को इलाज के लिए स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। घटना की जानकारी मिलते ही अतिरिक्त बल को मौके पर भेजा गया। इसके बाद उपद्रव कर रहे लोगों को वहां से हटाकर हालात पर काबू पाया गया।
घटना के बाद थाना परिसर और आसपास के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस ने पांच संदिग्ध उपद्रवियों को गिरफ्तार किया है। अन्य लोगों की पहचान के लिए घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके साथ ही घटना के दौरान बनाए गए मोबाइल वीडियो और सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो की भी जांच की जा सकती है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि पथराव अचानक शुरू हुआ या इसके पीछे पहले से कोई विवाद था। जुलूस में शामिल किन लोगों ने उपद्रव किया और पुलिसकर्मियों को किस तरह निशाना बनाया गया, इन सभी बिंदुओं की जांच की जा रही है। गिरफ्तार किए गए लोगों की भूमिका भी साक्ष्यों के आधार पर निर्धारित की जाएगी।
गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान हुई इस घटना के बाद इलाके में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। सोशल मीडिया पर भ्रामक या भड़काऊ सामग्री फैलाने वालों पर भी नजर रखी जा रही है।
पुलिस के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती पथराव में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान करना है। वीडियो फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और उपलब्ध अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं। दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल झाझा थाना गेट और आसपास के क्षेत्र में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। घायल पुलिसकर्मियों का उपचार कराया गया है। पांच लोगों की गिरफ्तारी के बाद अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही विवाद की वास्तविक वजह और घटना में शामिल लोगों की सही संख्या स्पष्ट हो सकेगी।