STF का बड़ा खुलासा, 19 बैंकों से 100 करोड़ की लोन धोखाधड़ी गैंग का पर्दाफाश
19 बैंकों से 100 करोड़ की ठगी करने वाला गैंग पकड़ा गया
Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: एसटीएफ की नोएडा यूनिट ने एक बड़े बैंक फ्रॉड गिरोह का खुलासा करते हुए आठ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गैंग पिछले कई वर्षों से फर्जी और कूटरचित दस्तावेज तैयार कर विभिन्न बैंकों को करोड़ों रुपये की चपत लगा रहा था। एसटीएफ ने थाना सूरजपुर क्षेत्र से गैंग के सरगना सहित सभी आरोपियों को दबोच लिया। गिरोह के सदस्य आधार कार्ड, पैन कार्ड, पासबुक, चेकबुक, वोटर आईडी और अन्य पहचान पत्रों की जालसाजी कर कई फर्जी नामों से प्रोफाइल तैयार करते थे। इन फर्जी प्रोफाइल के आधार पर आरोपी विभिन्न बैंकों से होम लोन, पर्सनल लोन और अन्य वित्तीय सुविधाएं मंजूर करा लेते थे। रकम जारी होते ही आरोपी फरार हो जाते थे और फर्जी पहचान पर खोले गए खातों में पैसे को दूसरे नेटवर्क्स में ट्रांसफर कर देते थे।
जांच में सामने आया है कि गिरोह अब तक करीब 19 बैंकों से 100 करोड़ रुपए से अधिक की धोखाधड़ी कर चुका है। उनकी गतिविधियां केवल उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं थीं, बल्कि चंडीगढ़, दिल्ली, हरियाणा और उत्तराखंड तक फैली हुई थीं। कई बिल्डरों के साथ मिलकर आरोपी फर्जी प्रोफाइल तैयार कराते थे और बड़े पैमाने पर ‘प्रोफाइल फंडिंग’ कराकर होम लोन की मंजूरी लेते थे। रकम जारी होने के बाद आरोपी या तो फ्लैट छोड़ देते थे या फिर पूरी तरह गायब हो जाते थे। एसटीएफ ने छापेमारी के दौरान आरोपियों के पास से भारी मात्रा में फर्जी दस्तावेज बरामद किए हैं, जिनमें 126 पासबुक और चेकबुक, 170 डेबिट कार्ड, 45 आधार कार्ड, 27 पैन कार्ड, 15 फर्जी आईडी, 5 वोटर कार्ड, 26 मोबाइल फोन, 3 लैपटॉप और 3 कारें शामिल हैं। टीम ने गैंग से जुड़े 220 बैंक खातों को फ्रीज करने के लिए प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रामकुमार, नितिन जैन, मोहम्मद वसी, शमशाद आलम, इन्द्रकुमार कर्माकर, अनुज यादव, अशोक कुमार उर्फ दीपक जैन और ताहिर हुसैन के रूप में हुई है। सभी आरोपी अलग-अलग राज्यों के रहने वाले हैं और लंबे समय से इस संगठित धोखाधड़ी को अंजाम दे रहे थे। एसटीएफ अब इस गैंग के नेटवर्क, उनकी फंडिंग, और बिल्डरों से सांठगांठ की विस्तृत जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस बड़े फर्जीवाड़े से जुड़े और भी नाम सामने आ सकते हैं।