Shimla. शिमला। राजधानी में 24 घंटे पेयजल सप्लाई के प्रोजेक्ट के कार्य को लेकर गुरुवार को विधायक हरीश जनारथा ने समीक्षा बैठक ली। बैठक में निर्णय लिया गया कि शहर में पाइपलाइन बिछाने का काम तेजी से करें और जहां संभव हो सके वहां पर पाइपलाइन ओपन ही रखें। विधायक ने तर्क दिया कि पाइपलाइन दबाने के कारण रास्ते और सडक़ें खराब हो रही हैं। ऐसे में जहां संभव हो सके पाइपलाइन ओपन ही रखें। इसे खर्चा भी कम होगा और नुकसान भी नहीं होगा। इसके अलावा बैठक विधायक हरीश जनारथा ने पेयजल कंपनी से पुछा कि जो पाइप लाइन बिछाई जा रही है और सडक़ों को खोदा जा रहा है। इस काम को कब किया जाएगा। इस पर पेयजल कंपनी ने कहा कि सडक़ों का मरम्मत कार्य पाइप लाइन दबाने के बाद किया जा रहा है। इस पर विधायक हरीश जनारथा ने ककिा कि संजौली में जो सडक़ का काम किया जा रहा है वहां पर कर्मचारियों को बढ़ाया जाए।
साथ कि सडक़ की टारिंग का काम बरसात से पहले किया जाए। ताकि लोगों को परेशानी न हो। इसके अलावा बैठक में पैकेज एक मशोबरा के काम को लेकर भी चर्चा की गई। इसमें कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि अब थोड़ा काम ही बच गया है। ऐसे में विधायक ने आदेश दिए कि पैकेज एक काम काम अगस्त तक पूरा कर लें। इअसके अलावा जो टैंक डिस्मेंटल करने हैं उसका काम भी एक हफ्ते में शुरू करवा दें। वहीं इसी महीने नये टैंक बनाने का काम भी शुरू करवा लें। विधायक हरीश जनारथा ने कहा कि शिमला की बढ़ती आबादी और बदलती परिस्थितियों को देखते हुए जल प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ तथा आधुनिक बनाने की जरूरत है। उन्होंने अधिकारियों को जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर तय समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए।