कानपुर: यूपी के कानपुर में एक युवक अपनी शादीशुदा प्रेमिका से मिलने पहुंचा था. इस दौरान प्रेमी को महिला के घरवालों ने पकड़ लिया. आरोप है कि प्रेमी को करीब 30 घंटे तक घर में बंधक बनाए रखा. युवक को छुड़ाने पहुंची पुलिस के साथ भी मारपीट और अभद्रता किए जाने का आरोप है. इस दौरान एक दारोगा के साथ मारपीट की गई और उनके बिल्ले तक नोच दिए गए. पुलिस ने मामले में महिला के पति और उसके परिजनों के खिलाफ दो अलग-अलग केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
मामला कानपुर के साढ़ थाना क्षेत्र का है. यहां रहने वाली सुनीता की शादी इंद्रेश से हुई है. सुनीता के तीन बच्चे हैं. पिछले करीब एक साल से सुनीता का फतेहपुर निवासी अरुण नाम के युवक से अफेयर चल रहा था. आरोप है कि रविवार की रात सुनीता ने अपने प्रेमी अरुण को फोन कर गांव के बाहर मिलने के लिए बुलाया था.
रात के समय अरुण फतेहपुर से सुनीता से मिलने पहुंचा. सुनीता भी उससे मिलने गांव के बाहर पहुंच गई. लेकिन इसी दौरान सुनीता के पति को शक हो गया. इसके बाद वह अपने परिवार के अन्य लोगों के साथ सुनीता का पीछा करते हुए मौके पर पहुंच गया.
सुनीता के पति और परिजनों ने अरुण को मौके पर पकड़ लिया. इसके बाद अरुण को पकड़कर साढ़ थाना क्षेत्र के छांजा गांव स्थित घर ले जाया गया. आरोप है कि वहां युवक के साथ मारपीट की गई और उसे घर में बंधक बना लिया गया. प्रेमी अरुण को पकड़े जाने के बाद सुनीता ने किसी तरह मौके से निकलकर अरुण के पिता को जानकारी दी. अरुण के पिता को जब पता चला कि अरुण को बंधक बनाकर रखा गया है, तो वह पुलिस के पास पहुंचे.
अरुण के पिता सुनीता को लेकर साढ़ थाने पहुंचे और पुलिस से बेटे को छुड़ाने की गुहार लगाई. आरोप लगाया कि अरुण को 30 घंटे से ज्यादा समय से सुनीता के घर में बंधक बनाकर रखा गया है. मामले की सूचना मिलने के बाद साढ़ थाना पुलिस हरकत में आई. दारोगा आशीष सिंह पुलिस टीम और अरुण के पिता के साथ गांव पहुंचे.
पुलिस के मुताबिक, सुनीता के पति इंद्रेश और घर के अन्य लोगों ने पुलिस के साथ अभद्रता की. दारोगा आशीष सिंह के साथ मारपीट की गई और उनके वर्दी पर लगे बिल्ले भी नोच दिए गए. घर की कुछ महिलाओं पर भी पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की और विरोध करने का आरोप है. सूचना मिलने पर थाने से अतिरिक्त फोर्स गांव पहुंचा.. इसके बाद पुलिस ने किसी तरह अरुण को वहां से मुक्त कराया और उसे थाने ले आई. युवक के कथित रूप से 30 घंटे तक बंधक बनाए जाने के आरोप की भी जांच की जा रही है.
इस मामले में पुलिस ने दो अलग-अलग केस दर्ज किए हैं. पहला केस दारोगा आशीष सिंह की शिकायत पर दर्ज किया गया है, जिसमें पुलिस के साथ मारपीट और अभद्रता के आरोप हैं. वहीं दूसरा केस अरुण के पिता की तहरीर पर दर्ज किया गया है, जिसमें सुनीता के पति इंद्रेश और उसके घरवालों पर अरुण को बंधक बनाने का आरोप है.
इस मामले में सुनीता ने भी अपने प्रेम संबंध की बात स्वीकार की है. इस मामले में सुनीता ने कहा कि मेरा एक साल से अरुण से प्रेम संबंध था. मेरे तीन बच्चे हैं. संडे की रात मैंने उसे फोन कर मिलने बुलाया था, तभी घर वाले पहुंच गए. उसको पकड़ लाए थे, उसको मारा पीटा भी था.
वहीं एसीपी कृष्ण कुमार यादव का कहना है कि महिला का फतेहपुर के युवक से प्रेम संबंध था. उसने मिलने के लिए बुलाया था, तभी घर वाले प्रेमी को पकड़कर ले गए, उसे बंधक बना लिया था. पुलिस गई तो पुलिस के साथ भी अभ्रदता की. इस मामले में पुलिस की तरफ से और प्रेमी युवक के पिता की तरफ से रिपोर्ट दर्ज कराई गई है, जिसमें महिला के पति और उसके घर वालों के खिलाफ शिकायत हुई है. इस पूरे मामले की जांच की जा रही है.
Tags: