मोदी सरकार ने WhatsApp के 'यूजरनेम फीचर' को लेकर Meta को दिया नोटिस, एक्शन पर आया व्हाट्सऐप का जवाब
नई दिल्ली: वॉट्सऐप के यूजरनेम फीचर पर अब कई सवाल खड़े होने लगे हैं. सरकार के नोटिस के बाद बहुत से लोगों ने सोशल मीडिया पर अलग-अलग सवाल करने शुरू कर दिए हैं. इसमें एक प्रमुख मुद्दा साइबर फ्रॉड का है. वॉट्सऐप ने करीब 7 सवालों का डिटेल्स में जवाब दिया है. भारत वॉट्सऐप का सबसे बड़ा मार्केट है, जहां करीब 85 करोड़ एक्टिव यूजर हैं.
मेटा के इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप वॉट्सऐप ने X प्लेटफॉर्म (पुराना नाम Twitter) पर एक पोस्ट किया है. पोस्ट में उन्होंने यूजरनेम फीचर को लेकर अपनी सफाई दी है. इसके लिए उन्होंने 7 अहम सवालों के डिटेल्स में जवाब दिए हैं.
सवाल : वॉट्सऐप यूजरनेम रखना जरूरी होगा?
वॉट्सऐप ने उत्तर दिया है कि नहीं. यूजरनेम पूरी तरह से ऑप्शनल सर्विस है. चाहें तो आप यूजरनेम बना सकते हैं, चाहें तो नहीं.
WhatsApp का पोस्ट
सवालः पसंदीदा यूजरनेम उपलब्ध नहीं है तो क्या होगा?
इसके जवाब में वॉट्सऐप ने बताया है कि इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं.
वह पहले से किसी Instagram या Facebook अकाउंट का यूजरनेम है. जिसकी वजह से वह यूजरनेम उनके मालिकों के लिए रिजर्व रखा गया है.
कुछ मशहूर नाम और उनके अलग-अलग वेरिएंट जैसे पॉपुलर लोग, सेलिब्रिटी, सरकारी संस्थाएं और मेटा वेरिफाइड अकाउंट्स, पहले से सुरक्षित रखे गए हैं. इन्हें केवल उनके असली मालिक ही ले सकते हैं और कोई नहीं ले सकता है.
अगर कोई सामान्य यूजरनेम पहले ही किसी और ने ले लिया है, तो फिर यूजरनेम जनरेटर का इस्तेमाल किया जा सकता है.
सवालः अगर कोई मेरे जैसा यूजरनेम बनाकर मेरी पहचान का गलत इस्तेमाल करे या ठगी करने की कोशिश करे तब Meta क्या करेगा?
वॉट्सऐप ने इसके जवाब में बताया है कि फिलहाल यूजरनेम के जरिए मैसेज भेजने की सुविधा उपलब्ध नहीं है. जब यह फीचर आएगा और कोई नया व्यक्ति आपको मैसेज करेगा, तो मैसेज भेजने वाले के देश की जानकारी दी जाएगी. पहली बार संपर्क करने पर चेतावनी भी दिखाएगा.
फेमस और पॉपुलर लोगों के नाम और उनके मिलते-जुलते यूजरनेम केवल उनके वेरिफाइड यूजर्स के लिए रिजर्व रखे गए हैं. Meta ब्लॉक और रिपोर्ट की लगातार निगरानी करेगा, जिससे स्कैमर्स के खिलाफ एक्शन लिया जा सके.
सवाल : अगर किसी को मेरा यूजरनेम पता चल जाए या वह उसका अनुमान लगा ले, तो क्या वह मुझे मैसेज कर सकता है?
वॉट्सऐप ने इस सवाल का जवाब दिया और ना कहा है. जिस तरह WhatsApp में किसी फोन नंबर को सर्च करके सीधे खोजा नहीं जा सकता है, उसी तरह यूजरनेम को भी सर्च नहीं किया जा सकेगा.
वॉट्सऐप ने आगे बताया है कि किसी भी अनजान शख्स से कॉन्टैक्ट रोकने का सबसे अच्छा तरीका है कि यूजरनेम की को इनेबल करें. एक ऐसा यूजरनेम का सिलेक्शन करें, जो सिर्फ वॉट्सऐप के लिए अलग और यूनिक हो.
सवालः Username Key क्या है?
वॉट्सऐप ने इसके जवाब में बताया है कि यूजरनेम की 'सुरक्षा की' असल में एक एक्स्ट्रा सिक्योरिटी लेयर है. यूजरनेम key एक्टिवेट है तो कोई भी शख्स आपसे संपर्क तभी कर सकेगा जब उसे आपका यूजरनेम और यूजरमे की दोनों पता होंगी.
यूजर्स चाहें तो किसी भी समय अपनी Key बदल पाएंगे, जिसके बाद पुरानी Key के जरिए नए मैसेज नहीं आ पाएंगे.
सवालः क्या मुझे अपने दूसरे Meta अकाउंट्स को लिंक करना होगा?
वॉट्सऐप ने इसके जवाब में बताया है कि वॉट्सऐप पर वही यूजरनेम चाहते हैं जो आपके Instagram या Facebook अकाउंट पर है, तो आपको उन अकाउंट्स को लिंक करना पड़ेगा.
पहचान की नकल रोकने और यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि आप उस अकाउंट के वास्तविक मालिक हैं. इसके बाद चाहें तो आप अकाउंट का लिंक हटा भी सकेंगे. WhatsApp के लिए बिल्कुल अलग यूजरनेम चुनने का भी ऑप्शन होगा.
सवाल : क्या मैं बाद में अपना यूजरनेम बदल सकता हूं?
वॉट्सऐप ने इसके जवाब में कहा है कि हां. अगर आपका कोई पसंदीदा आपका नया पसंदीदा यूजरनेम उपलब्ध होगा, तो उसको चेंज किया जा सकता है.
वॉट्सऐप ने अपने पोस्ट में कुछ जरूरी बातों की भी जानकारी दी है. पोस्ट में लिखा है कि सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा है कि लोग पहले से लोकप्रिय या मशहूर यूजरनेम रिजर्व कर सकते हैं, जो दावा गलत है. ऐसे यूजरनेम केवल उनके वास्तविक और वैध मालिक ही रिजर्व कर पाएंगे.
वॉट्सऐप ने यूजरनेम फीचर के ऑफिशियल लॉन्च से पहले ही रिजर्वेशन की सुविधा शुरू कर दी है, जिसके पीछे तर्क दिया है कि कंपनी का मानना है कि लोग अपने पसंदीदा यूजरनेम को लेकर काफी गंभीर हैं.
वॉट्सऐप का कहना है कि वह इस फीचर को जल्दबाजी में लॉन्च नहीं करना चाहते हैं. वह यूजर्स का फीडबैक लेकर इस साल के अंत में फीचर को सही तरीके से लॉन्चिंग करने की योजना बना रहा है.