बच्चों पर खसरे की मार छह महीने में करीब 1000 मौतें, मचा हड़कंप
खसरे की चपेट में बांग्लादेश स्वास्थ्य व्यवस्था पर बढ़ा दबाव
Dhaka ढाका: बांग्लादेश में खसरे का प्रकोप लगातार गंभीर बना हुआ है। पिछले छह महीनों से जारी संक्रमण के बीच खसरे जैसे लक्षणों से पीड़ित तीन और बच्चों की मौत हो गई है। इसके साथ ही इस साल खसरे से जुड़ी पुष्ट और संदिग्ध मौतों का कुल आंकड़ा बढ़कर 994 पहुंच गया है।
बांग्लादेश के स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय (DGHS) की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 24 घंटे में हुई तीनों मौतों को संदिग्ध खसरा लक्षणों से जुड़ी मौत के तौर पर दर्ज किया गया है। इस अवधि में खसरे से किसी नई पुष्ट मौत की पुष्टि नहीं हुई है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, अब तक खसरे से जुड़ी संदिग्ध मौतों की संख्या 894 हो गई है, जबकि प्रयोगशाला जांच में पुष्टि हुई मौतों का आंकड़ा 100 पर स्थिर है। ढाका ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 24 घंटे में देशभर में खसरे के 1,043 नए संदिग्ध मामले सामने आए हैं। इसके साथ संदिग्ध मामलों की कुल संख्या बढ़कर 1,64,148 हो गई है। वहीं, 55 नए मामलों में खसरे की पुष्टि हुई है, जिससे कुल पुष्ट संक्रमितों की संख्या 19,696 हो गई है।
DGHS के आंकड़ों के अनुसार, 15 मार्च 2026 से अब तक 1,44,168 संदिग्ध खसरा मरीजों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इनमें से 1,38,772 मरीज इलाज के बाद स्वस्थ होकर अस्पतालों से छुट्टी पा चुके हैं। बांग्लादेश में खसरे के लगातार बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर दबाव बढ़ा दिया है। बच्चों में संक्रमण और मौतों की बढ़ती संख्या को लेकर स्वास्थ्य अधिकारियों की चिंता बढ़ रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए टीकाकरण अभियान, निगरानी और समय पर इलाज बेहद जरूरी है। फिलहाल स्वास्थ्य विभाग हालात पर नजर बनाए हुए है और प्रभावित क्षेत्रों में कदम उठाए जा रहे हैं।