Hospice. धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश को नशामुक्त बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे ऑपरेशन नया सवेरा के तहत रविवार को कांगड़ा पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए अंतरराज्यीय ड्रग तस्करी नेटवर्क की तीन महत्वपूर्ण कडिय़ों को पंजाब और चंडीगढ़ से गिरफ्तार किया है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि ये आरोपी न केवल नशे की सप्लाई चेन से जुड़े थे, बल्कि अवैध कमाई के वित्तीय लेन-देन में भी अहम भूमिका निभा रहे थे। मिली जानकारी के अनुसार, पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ, तकनीकी साक्ष्यों और बैंक खातों की जांच के आधार पर तीन संदिग्धों की पहचान की गई थी। इसके बाद कांगड़ा पुलिस की सीआईए की तीन विशेष टीमों का गठन कर पंजाब और चंडीगढ़ में एक साथ छापेमारी की गई।
पांच जून को हुई इस कार्रवाई में कपूरथला निवासी गौरव सहोटा, एसबीएस नगर निवासी हनी तथा अमृतसर निवासी हनी कुमार को गिरफ्तार किया गया, वहीं जांच में खुलासा हुआ है कि हनी कुमार गिरोह के मुख्य सरगना अभिषेक सहोटा को हेरोइन चिट्टा की सप्लाई करता था और पूरे नेटवर्क में नशे की उपलब्धता बनाए रखने में उसकी अहम भूमिका थी। वहीं गौरव सहोटा और हनी के माध्यम से नशे के कारोबार से होने वाली अवैध कमाई को विभिन्न माध्यमों से संचालित किया जाता था। पुलिस अब इनके बैंक खातों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच कर रही है ताकि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और लाभार्थियों तक भी पहुंचा जा सके। कांगड़ा पुलिस की माने तो ये गिरफ्तारियां अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट को ध्वस्त करने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हैं। गौरतलब है हाल ही में कांगड़ा पुलिस ने इस अंतरराज्यीय नशा तस्कर गिरोह के मुख्य तस्कर सरगना सहित 16 लोगों को हिरासत में लिया है। साथ ही उनसे चिट्टे की खेप व डेढ़ करोड़ के अवैध लेनदेन को भी ट्रेस किया था। साथ ही अब तीन ओर आरोपियों के हाथ में आने से तस्करों की संख्या 19 हो गई है।