IMD की चेतावनी: कई जिलों में 70 KMPH हवाएं, बिजली गिरने की आशंका
मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी
Bhopal भोपाल। मध्य प्रदेश में अगले पांच दिनों तक मौसम का मिजाज बदला हुआ रहने वाला है। मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल ने राज्य के कई जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली, ओलावृष्टि, तेज हवाएं और लू चलने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, पुडुचेरी, पश्चिम बंगाल और बिहार के कुछ हिस्सों तक पहुंच चुका है। आने वाले दिनों में इसके महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, ओडिशा, झारखंड और उत्तर प्रदेश के अन्य इलाकों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
भोपाल मौसम केंद्र की ताजा बुलेटिन के मुताबिक, गुरुवार रात निवाड़ी, ओरछा, टीकमगढ़, छतरपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी और सिंगरौली जिलों में 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। वहीं दतिया, पन्ना, सतना, मैहर, सीधी, मऊगंज, बालाघाट, मंडला, डिंडोरी, अनूपपुर (अमरकंटक) और शहडोल जिलों में 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाओं के साथ हल्की गरज-चमक और बिजली गिरने का अनुमान जताया गया है।
राज्य के कई हिस्सों में बारिश भी दर्ज की गई है। बजाग में 15 मिमी, बालाघाट में 12.4 मिमी और डिंडोरी में 9.2 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। वहीं सागर में 54 किमी प्रति घंटा, शहडोल में 43 किमी प्रति घंटा और जबलपुर में 41 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। भिंड, बालाघाट, पांढुर्ना, सिवनी, मंडला, खजुराहो, दमोह, पन्ना, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, सतना, सीधी और डिंडोरी जिलों में व्यापक स्तर पर गरज-चमक की गतिविधियां देखी गईं। वहीं छिंदवाड़ा और खजुराहो (छतरपुर) में लू की स्थिति दर्ज की गई।
मौसम विभाग ने भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, बुरहानपुर, खंडवा, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, सिंगरौली, रीवा, सतना, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, जबलपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर और टीकमगढ़ सहित कई जिलों में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। इसके अलावा दतिया, भिंड, मुरैना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी जिलों में ओलावृष्टि की भी आशंका जताई गई है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान घरों के अंदर रहने, तेज धूप के समय बाहर निकलने से बचने और ओलावृष्टि व तेज हवाओं से फसलों, पशुधन तथा संपत्ति की सुरक्षा के लिए आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है। किसानों को समय पर सिंचाई और फसल कटाई करने तथा आम नागरिकों को पर्याप्त पानी पीकर खुद को हाइड्रेट रखने की सलाह दी गई है।