Rampur Bushahr. रामपुर बुशहर। हिमाचल प्रदेश के हेड ऑफ फॉरेस्ट फोर्स प्रधान मुख्य अरण्यपाल संजय सूद, आईएफएस ने अपने कोटगढ़ वन मंडल दौरे के उपरांत रामपुर वन मंडल के ननखड़ी वन परिक्षेत्र का निरीक्षण किया तथा विभिन्न वानिकी गतिविधियों की समीक्षा की। दौरे के दौरान संजय सूद ने क्षेत्रीय कर्मचारियों को नर्सरी कार्यक्रमों में कचनार को एक महत्वपूर्ण देशज प्रजाति के रूप में शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कचनार का पर्यावरणीय, औषधीय एवं जैव विविधता संरक्षण की दृष्टि से विशेष महत्व है, इसलिए इसके संरक्षण एवं संवर्धन पर बल दिया जाना चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को मानसून सीजन शुरू होने से पहले सडक़ों के किनारे गिरे हुए एवं क्षतिग्रस्त पेड़ों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश भी दिए, ताकि आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके तथा वन प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाया जा सके। इस अवसर पर संजय सूद ने वन भूमि अतिक्रमण मामलों को लेकर हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने को कहा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि 31 दिसंबर 2026 तक चिन्हित अतिक्रमण मामलों में न्यायालय के आदेशानुसार वन भूमि का कब्जा वापस लेने की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाए। सूद ने वन संरक्षण, वन भूमि की सुरक्षा एवं सतत पर्यावरणीय प्रबंधन के लिए विभागीय दिशा-निर्देशों तथा मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की पर्यावरण संरक्षण संबंधी सोच और दृष्टिकोण के अनुरूप कार्य करने पर विशेष जोर दिया।