Jiribam जिरीबाम। मणिपुर के जिरीबाम में जनगणना से पहले नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटिजन्स (NRC) को अपडेट करने की मांग को लेकर विशाल मशाल रैली निकाली गई। जिरी यूनाइटेड कमेटी की ओर से आयोजित इस रैली में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। मीरा पैबी से जुड़ी महिलाओं ने भी मशाल लेकर प्रदर्शन किया और अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग है कि राज्य में जनगणना की प्रक्रिया आगे बढ़ाने से पहले NRC को अपडेट किया जाए। इसके साथ ही आंतरिक रूप से विस्थापित लोगों यानी IDP के पुनर्वास और बसावट से जुड़े मुद्दों का समाधान करने की मांग भी उठाई गई।
रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने NRC अपडेट किए बिना जनगणना कराने का विरोध किया। उनका कहना था कि पहले नागरिकता से संबंधित रिकॉर्ड को व्यवस्थित और अपडेट किया जाना चाहिए और उसके बाद ही जनगणना की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए। जिरी यूनाइटेड कमेटी के बैनर तले आयोजित इस प्रदर्शन में स्थानीय संगठनों और लोगों की भागीदारी देखने को मिली। हाथों में जलती मशालें लेकर प्रदर्शनकारी सड़कों पर निकले और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को सरकार के सामने रखने की कोशिश की।
मीरा पैबी की महिलाओं ने भी प्रदर्शन में प्रमुख भूमिका निभाई। उन्होंने NRC अपडेट और IDP से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि ये दोनों मुद्दे मणिपुर के वर्तमान हालात को देखते हुए बेहद महत्वपूर्ण हैं और सरकार को इन पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने मांग की कि NRC अपडेट की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाए। उनका कहना था कि जनगणना से पहले इस मुद्दे पर स्पष्ट नीति और कार्रवाई सामने आनी चाहिए। मणिपुर में NRC अपडेट करने की मांग को लेकर अलग-अलग इलाकों में आवाज उठ रही है। इससे पहले इंफाल वेस्ट में भी बड़ी संख्या में महिलाओं ने मशाल रैली निकालकर जनगणना से पहले NRC अपडेट करने की मांग की थी।
जिरीबाम की रैली के माध्यम से प्रदर्शनकारियों ने केंद्र और राज्य सरकार तक अपनी मांग पहुंचाने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को आगे रखते रहेंगे।जिरीबाम। मणिपुर के जिरीबाम में जनगणना से पहले नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटिजन्स (NRC) को अपडेट करने की मांग को लेकर विशाल मशाल रैली निकाली गई। जिरी यूनाइटेड कमेटी की ओर से आयोजित इस रैली में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। मीरा पैबी से जुड़ी महिलाओं ने भी मशाल लेकर प्रदर्शन किया और अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग है कि राज्य में जनगणना की प्रक्रिया आगे बढ़ाने से पहले NRC को अपडेट किया जाए। इसके साथ ही आंतरिक रूप से विस्थापित लोगों यानी IDP के पुनर्वास और बसावट से जुड़े मुद्दों का समाधान करने की मांग भी उठाई गई।
रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने NRC अपडेट किए बिना जनगणना कराने का विरोध किया। उनका कहना था कि पहले नागरिकता से संबंधित रिकॉर्ड को व्यवस्थित और अपडेट किया जाना चाहिए और उसके बाद ही जनगणना की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए।
जिरी यूनाइटेड कमेटी के बैनर तले आयोजित इस प्रदर्शन में स्थानीय संगठनों और लोगों की भागीदारी देखने को मिली। हाथों में जलती मशालें लेकर प्रदर्शनकारी सड़कों पर निकले और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को सरकार के सामने रखने की कोशिश की।
मीरा पैबी की महिलाओं ने भी प्रदर्शन में प्रमुख भूमिका निभाई। उन्होंने NRC अपडेट और IDP से जुड़े मुद्दों को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि ये दोनों मुद्दे मणिपुर के वर्तमान हालात को देखते हुए बेहद महत्वपूर्ण हैं और सरकार को इन पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने मांग की कि NRC अपडेट की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाए। उनका कहना था कि जनगणना से पहले इस मुद्दे पर स्पष्ट नीति और कार्रवाई सामने आनी चाहिए। मणिपुर में NRC अपडेट करने की मांग को लेकर अलग-अलग इलाकों में आवाज उठ रही है। इससे पहले इंफाल वेस्ट में भी बड़ी संख्या में महिलाओं ने मशाल रैली निकालकर जनगणना से पहले NRC अपडेट करने की मांग की थी।
जिरीबाम की रैली के माध्यम से प्रदर्शनकारियों ने केंद्र और राज्य सरकार तक अपनी मांग पहुंचाने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को आगे रखते रहेंगे। फिलहाल NRC अपडेट, जनगणना और IDP पुनर्वास से जुड़े मुद्दों पर सरकार की ओर से इस प्रदर्शन के संदर्भ में विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।