Nagarota Surian. नगरोटा सूरियां। नगरोटा सूरियां विकास खंड कार्यालय के नोटिफिकेशन स्थानांतरित आदेशों को माननीय उच्च न्यायलय से आगामी आदेशों तक रोक लग गई है। ऐसे में अब खंड कार्यालय नगरोटा सूरियां में ही रहेगा। नगरोटा सूरियां विकास खंड कार्यालय को आखिर मंगलवार को पुलिस दलबल के साथ जवाली के लिए स्थानांतरित करने के साथ ही हाई कोर्ट से स्टे मिलते ही ग्रामीणों में खुशी की लहर दौड़ गई। इस दौरान संघर्ष समिति की तरफ से जब कार्यालय की फाइलें व फर्नीचर इत्यादि पुलिस दलबल के साथ उठाया जा रहा था, तब महिलाओं ने इसका कड़ा विरोध भी किया था। धरने पर बैठी महिलाओं पुलिस ने उन्हें वहां से उठाया। बता दें कि गाडिय़ों में सामान रखा पुलिस की दो बटालियन व भारी संख्या में महिला पुलिस यहां पर पहुंची हुई थी।
संघर्ष समिति ने सुबह खंड विकास अधिकारी तहसीलदार व डीएसपी महोदय को एक ज्ञापन सौंपा कि महोदय हमनें हाईकोर्ट में इसकी रिट-पिटिशन की है और 11:00 बजे उसकी सुनवाई रखी है, उसके फैसले के बाद आप यहां से सामान उठा कर ले जा सकते हैं। हम विरोध नहीं करेंगे, लेकिन खंड विकास अधिकारी ने एक नहीं सुनी और खंड विकास कार्यालय का रखा सामान उठाने के आदेश दे दिए। इस दौरान महिलाओं ने गेट पर धरना दे दिया। उन्होंने कहा कि हमारा खंड विकास कार्यालय 50 वर्ष पुराना है, लेकिन पुलिस ने किसी की नहीं सुन रही थी। भारी विरोध के चलते समिति के संयोजक संजय महाजन, सहसंयोजक प्रधान जीएस बेदी कहा कि आप दो घंटे के लिए रुक जाओ, क्योंकि कोर्ट से जो फैसला वह हमें मंजूर होगा। यदि आपने ऐसा नहीं किया, तो हम कोर्ट में आपको पार्टी बनाएंगे और हम शांति चाहते हैं, लेकिन जनता की बात अपने नहीं मानी। समिति द्वारा एक विशाल रैली भी निकाल गई, जिसमें महिलाओं ने जमकर नारेबजी की।