निवेश के नाम पर 1.52 करोड़ की ठगी, मास्टरमाइंड रियाज गिरफ्तार
जानें पूरा मामला.
सूरत: सूरत साइबर क्राइम पुलिस ने 1.52 करोड़ रुपए के ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट फ्रॉड के मामले में मास्टरमाइंड को देवभूमि द्वारका जिले के खंभालिया से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान रियाज उर्फ शोएब मिर्जा (32) के तौर पर की है।
आरोप है कि रियाज साइबर फ्रॉड से कमाए गए पैसे को इधर-उधर भेजने के लिए इस्तेमाल होने वाले बैंक अकाउंट उपलब्ध कराता था। सूरत से आई पुलिस की एक टीम ने खंभालिया में उसके नए पते से गिरफ्तार किया।
पुलिस के मुताबिक, शिकायतकर्ता को 14 नवंबर, 2025 और 10 फरवरी, 2026 के बीच उन लोगों ने निशाना बनाया, जिन्होंने शेयर बाजार में डॉलर निवेश के जरिए ज्यादा रिटर्न का वादा किया था। आरोपी ने एक फर्जी वेबसाइट का लिंक भेजा, जिसमें जाली इलेक्ट्रॉनिक कंटेंट था और शिकायतकर्ता को रजिस्टर करके अकाउंट बनाने के लिए मनाया।
इसके बाद शिकायतकर्ता ने ट्रेडिंग और निवेश के नाम पर फर्जी वेबसाइटों और कस्टमर सर्विस चैनलों के जरिए बताए गए अलग-अलग बैंक अकाउंट में कुल 1,52,63,198 (1.52 करोड़ रुपए) रुपये ट्रांसफर कर दिए। पुलिस ने बताया कि बाद में शिकायतकर्ता को पैसे निकालने से रोक दिया गया।
पीड़ित की शिकायत पर साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया। पुलिस इंस्पेक्टर वाई.एस. सिसोदिया और उनकी टीम ने असिस्टेंट पुलिस कॉन्स्टेबल हार्दिक कुमार गगजीभाई और अन्य कर्मचारियों के साथ मिलकर आरोपी का पता लगाने का काम किया।
पुलिस ने बताया कि टेक्निकल इनपुट से पता चला कि रियाज खंभालिया में था, जिसके बाद देवभूमि द्वारका एक टीम भेजी गई। बाद में उसे उसके नए घर से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, रियाज ने इस मामले में पहले से गिरफ्तार लोगों को तीन प्रतिशत कमीशन देकर उनसे बैंक खाते हासिल किए थे।
रियाज ने साइबर फ्रॉड से कमाए गए पैसे को ट्रांसफर करने के लिए ये अकाउंट्स दूसरे फरार आरोपियों को दिए और ट्रांजेक्शन में मदद करने के बदले कमीशन लिया। पुलिस ने बताया कि एफआईआर में बताए गए बैंक अकाउंट्स की नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीसीआरपी) पर जांच करने पर पता चला कि 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में कुल 318 शिकायतें दर्ज थीं।
इनमें आंध्र प्रदेश से 12, बिहार से तीन, चंडीगढ़ से एक, छत्तीसगढ़ से दो, दिल्ली से छह, गोवा से एक, गुजरात से 49, हरियाणा से दो, राजस्थान से आठ, तेलंगाना से 26, उत्तराखंड से एक, जम्मू-कश्मीर से दो, कर्नाटक से 26, केरल से 43, मध्य प्रदेश से तीन, महाराष्ट्र से 35, ओडिशा से तीन, पुडुचेरी से सात, पंजाब से तीन, तमिलनाडु से 60, उत्तर प्रदेश से 17 और पश्चिम बंगाल से आठ शिकायतें शामिल थीं।
पुलिस को एक इंडसइंड बैंक अकाउंट से जुड़ी सात एनसीसीआरपी शिकायतें भी मिलीं। रियाज ने कथित तौर पर यह अकाउंट पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से एक से कमीशन पर हासिल किया था। ये शिकायतें गुजरात, कर्नाटक, केरल और तमिलनाडु में दर्ज की गई थीं।
इस मामले में पहले अहमदाबाद के 26 वर्षीय मिनेश कुमार सोलंकी, अहमदाबाद के 39 वर्षीय अनिल गुप्ता और अहमदाबाद के ही 34 वर्षीय विकास सिंह भदौरिया को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने कहा कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों के खिलाफ आगे की जांच जारी है।