केंद्रीय बजट 2026-27 विकसित भारत और आत्मनिर्भरता की मजबूत नींव रखेगा: जगदंबिका पाल
Delhi दिल्ली: केंद्रीय बजट 2026-27 को लेकर राजनीतिक और आर्थिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसी क्रम में भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने बजट को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत” के विजन को साकार करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को और मजबूती देगा। उन्होंने विश्वास जताया कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किया जाने वाला यह बजट समावेशी होगा और देश की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था को नई गति देगा।
जगदंबिका पाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं कई बार यह स्पष्ट कर चुके हैं कि भारत वैश्विक चुनौतियों का सामना करते हुए भी निरंतर आगे बढ़ रहा है। आज का भारत आत्मविश्वास से भरा हुआ है और आर्थिक, सामाजिक तथा तकनीकी क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति कर रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले दस वर्षों में भारत की वैश्विक स्थिति में ऐतिहासिक बदलाव आया है। जो देश एक दशक पहले दुनिया की 11वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था था, वह अब चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। यह परिवर्तन सरकार की दूरदर्शी नीतियों, संरचनात्मक सुधारों और मजबूत नेतृत्व का परिणाम है।
भाजपा सांसद ने वित्त मंत्री द्वारा प्रस्तुत हालिया आर्थिक सर्वेक्षण का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें मौजूदा तिमाही के लिए 7.2 प्रतिशत की संभावित विकास दर का अनुमान जताया गया है। यह आंकड़ा इस बात का संकेत है कि भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूत बुनियाद पर खड़ी है और आने वाले समय में और तेज़ी से आगे बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 में भारत की अर्थव्यवस्था चीन, अमेरिका और रूस जैसी बड़ी अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में सबसे तेज़ी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था होगी।
जगदंबिका पाल ने कहा कि केंद्रीय बजट 2026-27 में गरीब, किसान, मध्यम वर्ग, युवा और महिलाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि बजट में रोजगार सृजन, बुनियादी ढांचे के विकास, कृषि सुधार, स्टार्टअप्स, एमएसएमई सेक्टर, डिजिटल इंडिया और सामाजिक कल्याण योजनाओं को और मजबूती दी जाएगी। यह बजट न केवल आर्थिक विकास को बढ़ावा देगा, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास के लाभ पहुंचाने का काम करेगा।
उन्होंने आगे कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल आर्थिक आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि समावेशी और सतत विकास है। बजट 2026-27 में शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास और नवाचार जैसे क्षेत्रों में निवेश बढ़ने की उम्मीद है, जिससे भारत को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा। अंत में भाजपा सांसद ने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट देश को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य की दिशा में एक और ठोस कदम साबित होगा और भारत की वैश्विक साख को और मजबूत करेगा।