परिवहन विभाग ने जनवरी में सड़क सुरक्षा माह के तहत जागरूकता अभियान शुरू किया
Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: सरकार के निर्देशानुसार, राज्य परिवहन विभाग पूरे जनवरी माह को “सड़क सुरक्षा माह” के रूप में मना रहा है। इस पहल के तहत विभिन्न विभागों और हितधारकों के सहयोग से जनता में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। आरटीओ सुलतानपुर अल्का शुक्ला ने बताया कि इस महीने भर चलने वाले अभियान के दौरान परिवहन विभाग ने विशेष प्रचार वाहनों को फ्लैग ऑफ किया, जिन्हें राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में भेजा गया। इन वाहनों के माध्यम से लोगों को सड़क नियमों, गति सीमा, हेलमेट और सीट बेल्ट उपयोग, शराब पीकर वाहन न चलाने जैसे संदेश दिए जा रहे हैं।
अल्का शुक्ला ने कहा, “हमारा उद्देश्य केवल सड़क पर ट्रैफिक नियमों का पालन करवाना नहीं है, बल्कि लोगों में सुरक्षा के प्रति एक स्थायी सोच विकसित करना है। सड़क सुरक्षा माह के दौरान हम सड़क हादसों के कारण होने वाले नुकसान और मौतों को रोकने के लिए जनसंपर्क, वर्कशॉप और स्कूलों में विशेष कार्यक्रम भी आयोजित कर रहे हैं। इस अभियान में पुलिस विभाग, नगर निगम और अन्य हितधारक विभागों का भी सहयोग लिया जा रहा है। सड़क सुरक्षा माह के दौरान विभिन्न सड़क चेकपोस्टों पर वाहन चालकों को नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया जा रहा है और हेलमेट, सीट बेल्ट जैसे सुरक्षा उपकरणों के महत्व पर जोर दिया जा रहा है।
आरटीओ ने आगे बताया कि विभाग ने विशेष रूप से युवा वाहन चालकों और पेशेवर ड्राइवरों के लिए कार्यशालाएं आयोजित की हैं। इन कार्यशालाओं में सड़क सुरक्षा के नियमों के साथ-साथ आपातकालीन परिस्थितियों में सही निर्णय लेने और दुर्घटनाओं से बचाव के उपायों पर भी जानकारी दी जा रही है। सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत स्कूलों और कॉलेजों में निबंध, पोस्टर और ड्रामा प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिससे युवा पीढ़ी सड़क सुरक्षा के महत्व को समझें और उसे अपने जीवन में उतारें। इसके अलावा, रेडियो, सोशल मीडिया और मोबाइल एप्स के माध्यम से जनता तक लगातार संदेश पहुंचाए जा रहे हैं।
अल्का शुक्ला ने कहा, “हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि सड़क पर सुरक्षित यातायात के लिए नागरिकों में जिम्मेदारी और अनुशासन विकसित हो। सड़क हादसों के कारण होने वाले मानव और आर्थिक नुकसान को कम करना ही हमारी मुख्य प्राथमिकता है। विभाग का कहना है कि इस माह के दौरान अभियान केवल जानकारी देने तक सीमित नहीं रहेगा। टीमों द्वारा सड़क किनारे जागरूकता शिविर आयोजित किए जाएंगे, दुर्घटनाओं के काले बिंदुओं की पहचान कर वहां सुरक्षा उपाय लागू किए जाएंगे और वाहन चालकों के व्यवहार पर निगरानी रखी जाएगी।
सुलतानपुर में यह अभियान लोगों में उत्साह और सहयोग बढ़ाने के लिए स्थानीय समुदाय, विद्यालय, मीडिया और स्वयंसेवी संस्थाओं के साथ मिलकर संचालित किया जा रहा है। विभाग ने जनता से अपील की है कि वे सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करें और सड़क पर अपनी तथा दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
इस प्रकार, उत्तर प्रदेश में परिवहन विभाग का यह पहल सड़क हादसों में कमी लाने, जागरूकता बढ़ाने और सड़क यात्रा को सुरक्षित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है।