सफाईकर्मी से विवाद के बाद मकान के गेट पर कूड़े का ढेर, साथी कर्मचारियों ने जताया विरोध
आगरा। सदर बाजार क्षेत्र के औरंगाबाद स्थित कृष्ण धाम कॉलोनी में सोमवार को कचरा डालने को लेकर मकान मालिक और नगर निगम के सफाईकर्मी के बीच विवाद हो गया। सफाई कार्य के दौरान शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते गाली-गलौज तक पहुंच गई। घटना की जानकारी साथी सफाईकर्मियों को मिली तो उनमें आक्रोश फैल गया। बड़ी संख्या में सफाईकर्मी कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों के साथ आरोपित मकान के बाहर पहुंच गए। कर्मचारियों ने विरोध जताते हुए गाड़ियों में लाया गया कचरा मकान के गेट पर पलट दिया। इससे कॉलोनी में काफी देर तक हंगामे की स्थिति बनी रही।
घटना सोमवार सुबह की बताई जा रही है। कृष्ण धाम कॉलोनी में सफाई कार्य के दौरान फौजी सुरेंद्र और एक सफाईकर्मी के बीच कचरा डालने को लेकर कहासुनी हो गई। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच बातचीत बढ़ते-बढ़ते विवाद में बदल गई। आरोप है कि इस दौरान सफाईकर्मी के साथ गाली-गलौज की गई। इसके बाद सफाईकर्मी ने घटना की जानकारी अपने साथी कर्मचारियों को दी।
साथी कर्मचारियों में फैला आक्रोश
सफाईकर्मी से विवाद की जानकारी मिलने के बाद नगर निगम के अन्य कर्मचारी आक्रोशित हो गए। बड़ी संख्या में सफाईकर्मी एकजुट होकर कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों के साथ कृष्ण धाम कॉलोनी पहुंच गए। कर्मचारियों का कहना था कि सफाईकर्मी अपनी ड्यूटी के दौरान लोगों के घरों और गलियों से कचरा उठाने का काम करते हैं। ऐसे में उनके साथ अभद्र व्यवहार किया जाना उचित नहीं है।
कर्मचारियों ने मौके पर पहुंचकर अपना विरोध दर्ज कराया। देखते ही देखते मकान के बाहर सफाई कर्मचारियों की भीड़ जमा हो गई। उनके साथ कई कूड़ा उठाने वाली गाड़ियां भी थीं। कर्मचारियों ने विरोध स्वरूप गाड़ियों में मौजूद कचरा मकान के गेट के सामने पलट दिया।
कचरा गेट के सामने डाले जाने के बाद मकान मालिक और कर्मचारियों के बीच तनाव की स्थिति पैदा हो गई। आसपास रहने वाले लोग भी मौके पर जमा हो गए और घटनाक्रम को देखने लगे।
कूड़े से पट गया मकान का गेट
सफाईकर्मियों के विरोध के दौरान कूड़ा मकान के मुख्य गेट के सामने डाल दिया गया। कुछ ही देर में वहां कचरे का ढेर लग गया। इससे मकान के बाहर आने-जाने का रास्ता भी प्रभावित हुआ। घटना की जानकारी मिलने पर स्थानीय लोगों ने मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
सफाई कर्मचारियों का कहना था कि विवाद केवल एक कर्मचारी का नहीं, बल्कि पूरे सफाईकर्मी समुदाय के सम्मान से जुड़ा है। उनका आरोप था कि ड्यूटी के दौरान कर्मचारी से अभद्रता की गई, जिसे वे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं करेंगे।
कचरा उठाने को लेकर शुरू हुआ विवाद
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार विवाद की शुरुआत कचरा डालने को लेकर हुई। सफाई कर्मचारी क्षेत्र में नियमित सफाई कार्य कर रहा था। इसी दौरान मकान मालिक सुरेंद्र से उसकी कहासुनी हो गई। दोनों पक्षों के बीच बातचीत बढ़ने पर मामला गाली-गलौज तक पहुंच गया।
घटना के बाद सफाईकर्मी ने अपने साथियों को पूरी जानकारी दी। इसके बाद बड़ी संख्या में कर्मचारी मौके पर पहुंचे और विरोध जताया। कर्मचारियों का कहना था कि सफाई व्यवस्था बनाए रखना उनकी जिम्मेदारी है, लेकिन इसके लिए उन्हें सम्मानजनक व्यवहार भी मिलना चाहिए।
कॉलोनी में बनी रही गहमागहमी
कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों के साथ सफाई कर्मचारियों के एक साथ पहुंचने और मकान के गेट पर कचरा डालने से कॉलोनी में गहमागहमी बढ़ गई। आसपास के लोग बड़ी संख्या में मौके पर एकत्र हो गए। लोगों के बीच घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चा होती रही।
कुछ स्थानीय लोगों ने दोनों पक्षों के बीच विवाद को खत्म कराने की कोशिश की। लोगों का कहना था कि छोटी-सी बात को बढ़ाने के बजाय आपसी बातचीत से समाधान निकाला जाना चाहिए। वहीं सफाईकर्मियों का आक्रोश इस बात को लेकर था कि उनके साथी के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज की गई।
सफाई व्यवस्था पर भी पड़ा असर
घटना के कारण कुछ समय के लिए क्षेत्र में सफाई व्यवस्था भी प्रभावित हुई। सफाईकर्मी विरोध में मकान के बाहर एकत्र रहे और कूड़ा डालने के बाद काफी देर तक वहां मौजूद रहे। इससे आसपास के क्षेत्र में सफाई और कूड़ा उठाने का काम प्रभावित होने की स्थिति बनी।
नगर निगम के सफाई कर्मचारी शहर की स्वच्छता व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। रोजाना सुबह से सफाईकर्मी घरों और सार्वजनिक स्थानों से कचरा एकत्र कर उसे निर्धारित स्थानों तक पहुंचाते हैं। ऐसे में कर्मचारियों और स्थानीय लोगों के बीच तालमेल बना रहना जरूरी है।
विवाद के समाधान की जरूरत
घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि सफाईकर्मी और मकान मालिक के बीच हुए विवाद का समाधान किस तरह किया जाए। कचरा मकान के गेट पर डालने से विरोध तो दर्ज हुआ, लेकिन इससे समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सकता। दोनों पक्षों के बीच बातचीत और प्रशासनिक स्तर पर मामले का निस्तारण जरूरी है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सफाई व्यवस्था को लेकर किसी भी तरह की शिकायत होने पर संबंधित विभाग या नगर निगम अधिकारियों से संपर्क किया जाना चाहिए। वहीं सफाई कर्मचारियों के साथ भी सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए।
मामले की जानकारी जुटाई जा रही
घटना को लेकर संबंधित अधिकारियों की ओर से मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। विवाद की वास्तविक वजह, दोनों पक्षों के बीच हुई कहासुनी और कथित गाली-गलौज के संबंध में तथ्य सामने आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जा सकती है।
फिलहाल कृष्ण धाम कॉलोनी में सफाईकर्मियों द्वारा मकान के गेट पर कूड़ा डालने की घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। एक सफाईकर्मी से शुरू हुआ विवाद कुछ ही समय में सामूहिक विरोध में बदल गया। घटना ने जहां सफाई कर्मचारियों के सम्मान और कार्यस्थल पर उनके साथ व्यवहार का मुद्दा उठाया है, वहीं विरोध के तरीके को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। जरूरत इस बात की है कि मामले का शांतिपूर्ण समाधान निकाला जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।