अवैध कारोबार के ठिकानों पर चला GDA का बुलडोजर दो गोदाम सील
बुलडोजर एक्शन दुकानों पर लगा ताला
गाजियाबाद: शहर में अवैध निर्माण के खिलाफ गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) ने कार्रवाई तेज कर दी है। इसी कड़ी में प्राधिकरण की टीम ने अवैध रूप से बनाए जा रहे वेयरहाउस और अन्य व्यावसायिक निर्माणों पर बुलडोजर चलाया। कार्रवाई के दौरान अवैध निर्माण को ध्वस्त करने के साथ छह दुकानों और दो गोदामों को सील कर दिया गया। प्राधिकरण की कार्रवाई से इलाके में अवैध निर्माण करने वालों के बीच हड़कंप मच गया।
GDA की टीम अधिकारियों और प्रवर्तन दस्ते के साथ मौके पर पहुंची। जांच में संबंधित स्थान पर स्वीकृत मानचित्र और निर्धारित नियमों के विपरीत निर्माण किए जाने की बात सामने आने के बाद कार्रवाई की गई। टीम ने निर्माणाधीन हिस्सों को बुलडोजर की मदद से ध्वस्त कराया। साथ ही व्यावसायिक गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किए जा रहे छह दुकानों और दो गोदामों को सील कर दिया गया।
कार्रवाई के दौरान मौके पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए थे। अधिकारियों की मौजूदगी में ध्वस्तीकरण और सीलिंग की प्रक्रिया पूरी की गई। किसी तरह के विरोध या विवाद की स्थिति से निपटने के लिए संबंधित अमला भी मौके पर मौजूद रहा। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना अनुमति और नियमों के विपरीत किए जा रहे निर्माण के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
GDA की ओर से शहर और आसपास के क्षेत्रों में अवैध कॉलोनियों, व्यावसायिक भवनों, गोदामों और अन्य निर्माणों की लगातार निगरानी की जा रही है। जहां स्वीकृत नक्शे के विपरीत निर्माण या बिना अनुमति निर्माण की शिकायत मिलती है, वहां जांच के बाद नियमानुसार नोटिस और आगे की कार्रवाई की जाती है।
प्राधिकरण का विशेष ध्यान ऐसे निर्माणों पर है, जिनका उपयोग स्वीकृत भू-उपयोग से अलग व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है। अवैध वेयरहाउस और गोदामों के कारण कई बार यातायात, अग्नि सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं से संबंधित समस्याएं भी पैदा होती हैं। इसी कारण नियमों का उल्लंघन मिलने पर सीलिंग और ध्वस्तीकरण जैसी कार्रवाई की जा रही है।
अधिकारियों ने संपत्ति मालिकों और बिल्डरों से निर्माण शुरू करने से पहले आवश्यक अनुमति लेने और स्वीकृत मानचित्र के अनुसार ही निर्माण कराने की अपील की है। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित निर्माण को सील या ध्वस्त किया जा सकता है। GDA की ताजा कार्रवाई में छह दुकानें और दो गोदाम सील होने के बाद आसपास के अन्य निर्माणों की भी जांच किए जाने की संभावना है। प्राधिकरण का कहना है कि शहर के नियोजित विकास को प्रभावित करने वाले अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।